गौरव का इंतजार करते परिजन और गांव के लोग।
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पैसा नहीं देने पर हत्या की धमकी दी जा रही
परिजनों का कहना है कि अब लगातार व्हाट्सएप्प कॉल और वॉइस मैसेज से पाकिस्तानी नंबर से फिरौती की मांग की जा रही है। किडनैपरों के द्वारा कॉल पर उर्दू में बात करने का दबाव बनाया जाता है लेकिन उर्दू नही आने के वजह से गौरव उनलोगों से गुहार लगाता है कि हिंदी में ही बात करने दिया जाय। लेकिन भोजपुरी भाषा का इस्तेमाल कर किडनैपरों के सामने से ही गौरव सारी परिस्थितियों से परिजनों को वाकिफ करा देता है।
केंद्रीय मंत्री आरके सिंह से लगाई गुहार
परिवार वाले अब केंद्रीय मंत्री आर के सिंह से संपर्क कर बेटे को मुक्त कराने की गुहार लगाई है। केंद्रीय मंत्री आरके सिंह विदेश मंत्रालय को पत्र लिख कर युवक की बरामदगी की अपील किये है। इस मामले में विदेश मंत्रालय हस्तक्षेप करना शुरू कर दिया है और ईरान में भारतीय एंबेसी में संज्ञान ले कर कार्यवाई शुरू की जा चुकी है। विदेश मंत्रालय से मेल के जरिये परिजनों का संपर्क बनाए हुआ है।
अब हम उसको कभी यहां से दूर नही भेजेंगे
अपह्रत गौरव की मां का यहां रो-रो कर बुरा हाल है। माता जगवांति देवी का कहना है कि अब एक ही उम्मीद है कि मोदी सरकार ही मेरे बेटे को वापस ला सकती है। हम उनसे भीख मांग रहे हैं कि एक बार मेरे बेटे को वापस सरकार ला दे फिर हम उसको कभी यहां से दूर नही भेजेंगे।