बिहार विद्यालय परीक्षा समिति की ओर से इस बार भी देश में सबसे पहले इंटर परीक्षा का रिजल्ट कर दिया गया। बिहार बोर्ड के अध्यक्ष आनंद किशोर सभी छात्रों को बधाई देते हुए कहा कि वर्ष 2019 से लगातार यह सातवां वर्ष है जब समिति द्वारा इंटरमीडिएट वार्षिक परीक्षा का परिणाम मार्च माह में जारी किया जा रहा है। समिति परीक्षाओं के आयोजन से लेकर परीक्षाफल जारी करने तक की प्रक्रिया देश के अन्य परीक्षा बोर्डों की तुलना में पहले पूरी कर रही है, जो आधुनिक तकनीक के माध्यम से परीक्षा प्रणाली में किए गए सुधारों का परिणाम है। समिति ने नए सॉफ्टवेयर के माध्यम से रिजल्ट प्रोसेसिंग की, जिसे वर्ष 2020 में तैयार किया गया था।
जानिए, पिछले सात साल में इंटर परीक्षा का रिजल्ट
| वर्ष | उत्तीर्णता प्रतिशत |
|---|---|
| 2025 | 86.50% |
| 2024 | 87.21% |
| 2023 | 83.73% |
| 2022 | 80.15% |
| 2021 | 78.04% |
| 2020 | 80.59% |
| 2019 | 79.76% |
उत्तीर्य परीक्षार्थियों का विवरण: कुल 12,80,211 परीक्षार्थियों में से 86.50 प्रतिशत छात्र पास हुए
प्रथम श्रेणी: 5,08,540 परीक्षार्थी
द्वितीय श्रेणी: 5,07,002 परीक्षार्थी
तृतीय श्रेणी: 91,788 परीक्षार्थी
जानिए, छात्र और छात्राओं का कैसा रहा प्रदर्शन
लड़कियां:
लड़के:
जानिए, किस संकाय में कितने बच्चे पास हुए
विज्ञान संकाय:
कला संकाय:
वाणिज्य संकाय:
छात्रों की तुलना में छात्राओं का प्रदर्शन ज्यादा अच्छा
विज्ञान संकाय:
कला संकाय:
वाणिज्य संकाय: