विधानसभा चुनाव के मद्देनजर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने रविवार को बांका जिले के रजौन एवं शंभूगंज विधानसभा क्षेत्र में आयोजित चुनावी जनसभाओं में एनडीए प्रत्याशियों अमरपुर से जयंत राज कुशवाहा और धोरैयासे मनीष कुमार के पक्ष में जोरदार रैली की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियों को गिनाते हुए कहा कि 2005 के बाद से बिहार ने भय और भ्रष्टाचार के माहौल से निकलकर विकास और विश्वास का युग देखा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने 2020 के चुनाव में 10 लाख सरकारी नौकरी और 10 लाख रोजगार देने का वादा किया था, जिसमें से 10 लाख सरकारी नौकरियों का लक्ष्य पूरा हो चुका है, जबकि 40 से 50 लाख युवाओं को रोजगार मिल चुका है। उन्होंने घोषणा की कि अगले 5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान किए जाएंगे।
कानून का राज और सामाजिक सौहार्द पर जोर
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि 2005 से पहले बिहार में “भय और भाई” का राज था, लेकिन अब कानून का राज है। उन्होंने कहा पहले लोग शाम होने के बाद घर से बाहर निकलने से डरते थे, आज हर कोई बेधड़क सड़क पर घूमता है। उन्होंने बताया कि 2006 में कब्रिस्तानों की घेराबंदी और 2016 में 60 वर्ष पुराने हिंदू मंदिरों की घेराबंदी की शुरुआत कराई गई, ताकि समाज में आपसी सौहार्द और धार्मिक समानता बनी रहे।मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि उनकी सरकार ने सभी धर्मों और वर्गों के लिए समान रूप से काम किया है, बिना किसी भेदभाव के।
महिला सशक्तिकरण को बताया सबसे बड़ी उपलब्धि
नीतीश कुमार ने अपने संबोधन में महिलाओं की भूमिका पर विशेष बल देते हुए कहा कि बिहार में महिला सशक्तिकरण ही सुशासन की असली पहचान है। उन्होंने कहा कि 2006 में पंचायती राज संस्थाओं में महिलाओं को 50% आरक्षण, 2013 में पुलिस विभाग में 35% आरक्षण, और 2016 में सभी सरकारी नौकरियों में 35% आरक्षण दिया गया। मुख्यमंत्री ने गर्व से कहा कि आज बिहार पुलिस में महिलाओं की संख्या पूरे देश में सबसे अधिक है।उन्होंने आगे बताया कि 2006 में विश्व बैंक से ऋण लेकर जीविका समूह की शुरुआत की गई थी, जो अब 1 करोड़ 40 लाख महिला सदस्यों तक पहुंच चुका है। उन्होंने कहा कि आज बिहार की महिलाएं आत्मनिर्भरता और सामाजिक नेतृत्व का प्रतीक बन चुकी हैं।
पढ़ें; 'बिहार का भविष्य इस चुनाव में तय होगा', सीवान में बोले केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी
पूर्ववर्ती सरकारों पर किया तीखा प्रहार
नीतीश कुमार ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि 15 वर्षों तक शासन में रहे लोगों ने केवल परिवारवाद और भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया, विकास का नाम तक नहीं लिया।
उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने हर वर्ग के लिए योजनाएँ चलाईं शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, बिजली, और सिंचाई में सुधार किया।साथ ही उन्होंने बताया कि सभी पंचायतों में चार करोड़ रुपये की लागत से विवाह भवनों का निर्माण कराया जा रहा है, जिससे सामाजिक आयोजन सम्मानजनक तरीके से हो सकें।
महिलाओं की भारी उपस्थिति से उत्साहित हुए मुख्यमंत्री
रजौन और शंभूगंज की चुनावी सभाओं में महिलाओं की भारी भीड़ देख मुख्यमंत्री नीतीश कुमार काफी गदगद नज़र आए। उन्होंने कहा कि यह उपस्थित भीड़ प्रमाण है कि बिहार की महिलाएँ अब राजनीति और विकास दोनों में भागीदार बन चुकी हैं।मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि आने वाले विधानसभा चुनाव में एनडीए गठबंधन भारी मतों से जीत हासिल करेगा और राज्य में एक बार फिर विकास, शिक्षा, रोजगार और सामाजिक न्याय की सरकार बनेगी।