नौबतपुर में बाबा का प्रवचन सुनने को उमड़ी भीड़ शाम तक बेकाबू हो गई।
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बिहार के पागलों की जय; चित्र से ज्यादा क्या जरूरी...बताया
कार्यक्रम स्थल पर राघवेंद्र सरकार मठ के महंत स्वामी सुदर्शनाचार्य जी ने भगवान की स्तुति पढ़कर हनुमंत कथा के कार्यक्रम का शुभारंभ किया। बागेश्वर धाम वाले बाबा धीरेंद्र शास्त्री पहुंचे तो दिव्य दरबार स्थल कार्यक्रम का शुभारंभ आरती से किया गया। मंच पर उपस्थित भक्तों ने हनुमान जी की आरती की। आरती के बोल थे "आरती हनुमंत प्यारे की, पवन सुत राम दुलारे की"। इस मौके पर आरती में शामिल होने पटना के सांसद रामकृपाल यादव सहित राघवेंद्र सरकार मठ के महंत सुदर्शनाचार्य जी उपस्थित रहे। 5:35 पर बागेश्वर धाम वाले बाबा धीरेंद्र शास्त्री ने हनुमंत कथा का प्रारंभ "सीता राम हनुमान, सीता राम हनुमान" भजन से शुरू किया। बागेश्वर बाबा ने सभी भक्तों से इस भजन को उनके पीछे-पीछे दोहराने की बात कही। बाबा बागेश्वर धाम में कथा के दौरान कहां की परमात्मा चित्र नहीं चरित्र में बसते हैं । उन्होंने कहा कि हमारा चरित्र उज्ज्वल और उत्तम होना चाहिए। उन्होंने कहा कि चित्र जैसा भी हो अंधा हो, लंगड़ा हो, काला हो, गोरा हो कोई दिक्कत नहीं , लेकिन चरित्र बढ़िया होना चाहिए। भगवान के दरबार में चित्र नहीं चरित्र दिखा जाता है।बागेश्वर धाम वाले बाबा भजन समाप्ति के बाद जयकारा लगाने के लिए लोगों से कहा कि भगवान श्री राम की जय, सीताराम की जय, बाबा बालाजी की जय,भक्तों के माता पिता की जय, इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि बिहार के पागलों की जय। उन्होंने कहा कि धन्य है बिहारी पागल तुम्हारा पागलपन देखकर हम भी धन्य हो गए।
दरबार में राज्यपाल के आने की संभावना
तरेत गांव बागेश्वर धाम वाले बाबा की भक्ति के सैलाब में पूरी तरह डूब चुका है। भव्य दरबार के दूसरे दिन बाबा के सभा स्थल पर सुबह से ही दूरदराज और दूसरे राज्यों से आने वाले श्रद्धालुओं से पूरा गांव पट गया है। बागेश्वर धाम वाले बाबा के लोगों के आस्था और श्रद्धा का ऐसा सैलाब की कथा स्थल से लगभग 3 किलोमीटर दूर तक पैर रखने की जगह भी नहीं। लोगों के लिए अंजाना यह गांव आज सभी के जुबान पर नौबतपुर का तरेत गांव बाबा बागेश्वर धाम के धीरेंद्र शास्त्री के रूप में जाना जा रहा है। अब लोगों दिव्य दरबार का इंतजार कर रहे हैं। यह दिव्य दरबार सोमवार दोपहर लगेगा। इसमें बाबा पर्ची निकालेंगे। हजारों लोग दिव्य दरबार में निकलने वाले पर्ची के इंतजार में हैं। उनका मानना है कि बाबा की पर्ची उनकी सारी समस्याओं का समाधान कर देती है। कार्यक्रम के दूसरे दिन बिहार के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर के कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने की संभावना जताई जा रही है। आयोजकों के अनुसार बिहार के राज्यपाल को भी कार्यक्रम के लिए निमंत्रण भेजा गया है।
श्रद्धालु बोले- बाबा का दर्शन पाकर धन्य हो गए
उत्तर प्रदेश के लखनऊ से आई निवासी शिवा पांडे बताती हैं कि वे बागेश्वर धाम वाले बाबा धीरेंद्र शास्त्री को राम भक्त हनुमान का रूप मानते हैं। शिवा पांडे ने बताया कि बाबा धीरेंद्र शास्त्री के दर्शन के बाद वे धन्य हो गई। वह लखनऊ के रामनगर से चलकर पटना के नौबतपुर गांव पहुंची हैं। तमन्ना थी कि वे बाबा धीरेंद्र शास्त्री का दर्शन करें, उनका प्रवचन सुने। कार्यक्रम के दूसरे दिन सुबह से ही भक्तों की भीड़ उमड़नी शुरू हो गई। बागेश्वर धाम वाले बाबा धीरेंद्र शास्त्री की एक झलक को लेकर दर्शकों के बीच काफी उत्साह देखा गया।