टाटा खरीदेगी एक्सोर से हिस्सेदारी, फिर ओपन ऑफर
सौदे की योजना के मुताबिक, टाटा मोटर्स, Agnelli (एग्नेली) परिवार की निवेश कंपनी Exor (एक्सॉर) से 27.1 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदेगी। और अन्य छोटे शेयरधारक समूहों को खरीदने के लिए एक निविदा प्रस्ताव (भारत की खुली पेशकश प्रणाली के समान) पेश करेगी। एक्सॉर के पास ट्रक निर्माता कंपनी इवेको के 43.1 प्रतिशत मतदान अधिकार भी हैं।
IIT छात्रों की तरह रणनीतिक सलाहकार भी साथ
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, टाटा मोटर्स इस डील को नीदरलैंड्स की एक सहायक कंपनी के जरिए पूरा करेगी, जो पूरी तरह टाटा की मालिकाना होगी। इस प्रक्रिया में मॉर्गन स्टेनली कंपनी टाटा को सलाह दे रही है। जबकि गोल्डमैन सैक्स और क्लिफोर्ड चांस Iveco और Exor के सलाहकार हैं।
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Agnelli परिवार से पुराना रिश्ता
एग्नेली परिवार और टाटा ग्रुप के रिश्ते पुराने हैं। एक समय रतन टाटा और Fiat (एग्नेली की कंपनी) के बीच भारत में संयुक्त उपक्रम भी चल चुका है। यही वजह है कि एक्सॉर इस डील को लेकर सकारात्मक है। एग्नेली परिवार Ferrari (फेरारी) और Stellantis (स्टेलेंटिस) (Fiat की मूल कंपनी) में भी प्रमुख हिस्सेदार है।
Iveco का यूरोप, अमेरिका और लैटिन अमेरिका में कारोबार
इवेको यूरोप में अपना सबसे बड़ा कारोबार करता है, जहां से उसकी 74 प्रतिशत कमाई होती है। इसके अलावा कंपनी उत्तरी और लैटिन अमेरिका में भी मौजूद है। इसके कॉमर्शियल व्हीकल (व्यावसायिक वाहन) कारोबार में ट्रक, बस, पावरट्रेन और विशेष वाहन शामिल हैं। जबकि टाटा मोटर्स का कॉमर्शियल व्हीकल डिवीजन भारत केंद्रित है और उसकी 90 प्रतिशत आमदनी देश के भीतर से होती है।
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Union Minister Nitin Gadkari Flags-Off country’s first Hydrogen Truck Trials
- फोटो : Tata Motors
टाटा की CV यूनिट जल्द होगी लिस्टेड
टाटा मोटर्स जल्द ही अपने कॉमर्शियल व्हीकल (CV) डिवीजन को शेयर बाजार में स्वतंत्र रूप से लिस्ट करने की योजना बना रही है। वित्त वर्ष 25 में इसकी सहायक Tata Daewoo (टाटा देवू) की आमदनी 5,394 करोड़ रुपये रही जो पिछले साल से 11 प्रतिशत कम थी, और मुनाफे का मार्जिन 4 प्रतिशत से घटकर 1 प्रतिशत रह गया।
डील से राजस्व तीन गुना हो सकता है
अगर ये डील सफल होती है तो टाटा मोटर्स का कॉमर्शियल वाहन का राजस्व 75,000 करोड़ रुपये से बढ़कर 2 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है। हालांकि मुनाफे का मार्जिन चिंता का विषय बना रहेगा। टाटा का EBIT मार्जिन 9.1 प्रतिशत है जबकि इवेको का लगभग 5.6 प्रतिशत है।
Iveco को 2025 में मिल सकता है बड़ा कैश फ्लो
इवेको ने कहा है कि उसका इंडस्ट्रियल बिजनेस (जिसमें डिफेंस यूनिट भी शामिल है) 2025 में 400 - 450 मिलियन यूरो तक का फ्री कैश फ्लो पैदा कर सकता है।
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सरकार ने पहले चीन को रोका था
2021 में जब चीन की FAW कंपनी ने इवेको को खरीदने की कोशिश की थी, तब इतालवी सरकार ने सुरक्षा कारणों से उसे रोक दिया था, क्योंकि डिफेंस यूनिट एक संवेदनशील क्षेत्र है। अब अगर यह डिफेंस यूनिट किसी स्थानीय खरीदार को बेची जाती है, तो सरकार की सहमति पाना आसान होगा। और टाटा के लिए बाकी बिजनेस को खरीदने का रास्ता साफ हो जाएगा।
इस डील के जरिए टाटा मोटर्स को नई टेक्नोलॉजी, अंतरराष्ट्रीय बाजार और इनोवेशन में एक मजबूत पकड़ मिल सकती है। खासकर तब जब उसका कमर्शियल व्हीकल सेगमेंट भारत में अपेक्षित ग्रोथ नहीं दिखा पा रहा है।
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