Tata Motors (टाटा मोटर्स) ने सोमवार को एलान किया कि उसे 31 दिसंबर को खत्म हुई तीसरी तिमाही के लिए 1,451.05 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड नेट लॉस (समेकित शुद्ध घाटा) हुआ। टाटा मोटर्स ने बताया कि उसने पिछले वित्त वर्ष में इसी अवधि में 2,941.48 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया था।
परिचालन से टाटा मोटर्स का कुल राजस्व तीसरी तिमाही में 72,229.29 करोड़ तक पहुंच गया, जबकि एक साल पहले की तिमाही में यह 75,653.79 करोड़ था।
हालांकि, स्टैंडअलोन आधार पर, टाटा मोटर्स ने 2020-21 की तीसरी तिमाही में 638.04 करोड़ रुपये के शुद्ध नुकसान की तुलना में समीक्षाधीन अवधि में 175.85 करोड़ रुपये के शुद्ध लाभ का जिक्र किया। कंपनी ने यह भी कहा कि परिचालन से मिलने वाला राजस्व तीसरी तिमाही में 12,352.78 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में 9,635.78 करोड़ रुपये था।
Jaguar Land Rover
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घाटे की वजह
टाटा मोटर्स की प्रीमियम इकाई Jaguar Land Rover (जगुआर लैंड रोवर) (JLR) की खुदरा बिक्री में भी पिछले वर्ष की तुलना में तीसरी तिमाही में 37.6 प्रतिशत की गिरावट देखी गई। हालांकि उत्पादन मात्रा में क्रमिक रूप से 41 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। वाहन निर्माता ने चल रहे सेमीकंडक्टर की कमी के साथ-साथ वस्तुओं की बढ़ती कीमत को नुकसान के लिए जिम्मेदार ठहराया है।
सेमीकंडक्टर चिप
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सेमीकंडक्टर की कमी
टाटा मोटर्स ने कहा, "सेमीकंडक्टर की कमी 2022 तक जारी रहने की उम्मीद है, लेकिन आपूर्ति आधार में क्षमता बढ़ने के साथ धीरे-धीरे इसमें सुधार होने की उम्मीद है।" कंपनी ने कहा कि चिप संकट इस साल भी उद्योग को प्रभावित कर सकता है और जैसे ही आपूर्ति आधार के भीतर क्षमता बढ़ती है, स्थिति में सुधार होगा।
Jaguar Land Rover Range Rover SV
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लक्ष्य हासिल करने के रास्ते पर
जगुआर लैंड रोवर ने कहा कि यह दीर्घकालिक आपूर्ति को सुरक्षित करने के लिए प्रथम श्रेणी के आपूर्तिकर्ताओं और चिप निर्माताओं के साथ काम कर रहा है।
कंपनी के बयान के अनुसार, जेएलआर को चौथी तिमाही में सकारात्मक नकदी प्रवाह के साथ मुनाफे में सुधार की उम्मीद है। लग्जरी यूनिट 31 मार्च, 2026 को खत्म होने वाले वर्ष तक ब्याज और कर मार्जिन से पहले 10 प्रतिशत या उससे अधिक की आय तक पहुंचने के अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए भी सही रास्ते पर है।