स्वानंद किरकिरे ने टोयोटा को 'बड़ी गलती' क्यों बताया?
स्वानंद ने अपना गुस्सा जाहिर करते हुए सोशल मीडिया पर लिखा कि टोयोटा की कार खरीदना उनके लिए एक "बड़ी गलती" साबित हुआ।
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अनंत कॉल्स का सिलसिला: उन्होंने दावा किया कि वाहन खरीदने के बाद से ही उन्हें विभिन्न बीमा कंपनियों से लगातार सेल्स कॉल्स आ रहे हैं।
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समय की बर्बादी: किरकिरे के अनुसार, उनका ज्यादातर समय इन कॉल्स का विनम्रतापूर्वक जवाब देने और ऑफर ठुकराने में ही निकल जाता है।
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कंपनी से तीखा सवाल: उन्होंने टोयोटा से पूछा, "क्या आप कार बेचकर पर्याप्त मुनाफा नहीं कमाते? अब आप अपने ग्राहकों का डेटा भी बेचने लगे हैं?"
क्या स्पैम कॉल्स में ऑटोमेशन का भी सहारा लिया जा रहा है?
स्वानंद ने अपनी आपबीती में कुछ और गंभीर बातें भी साझा कीं:
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बॉट कॉल्स का आतंक: उन्होंने बताया कि अब उन्हें रोबोटिक या ऑटोमेटेड कॉल्स भी आने लगे हैं जिनमें रिकॉर्ड की गई आवाजें होती हैं।
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अधिकारियों से मांग: उन्होंने TRAI और कंज्यूमर ग्रीवांस प्लेटफॉर्म्स को टैग करते हुए अनचाहे मार्केटिंग कॉल्स के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
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कर्मचारियों के प्रति सहानुभूति: खास बात यह रही कि उन्होंने कॉल्स करने वाले कर्मचारियों को दोष नहीं दिया। उन्होंने कहा कि वे कम वेतन पाने वाले कर्मचारी हैं जो सिर्फ अपना काम कर रहे हैं।
शिकायत पर टोयोटा इंडिया की क्या प्रतिक्रिया रही?
विवाद बढ़ता देख टोयोटा इंडिया ने सार्वजनिक रूप से जवाब दिया:
क्या डेटा प्राइवेसी भारत के ऑटो सेक्टर की एक बड़ी समस्या है?
स्वानंद की शिकायत के बाद सोशल मीडिया पर हजारों लोगों ने उनका समर्थन किया और अपनी आपबीती सुनाई:
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व्यापक समस्या: कई यूजर्स ने दावा किया कि यह समस्या केवल एक कंपनी तक सीमित नहीं है। अन्य कंपनियों की गाड़ियां खरीदने पर भी ऐसे ही अनुभव होते हैं।
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डेटा लीक के स्रोत: चर्चा के दौरान यह आरोप भी लगे कि ग्राहकों का डेटा न केवल कंपनियों से, बल्कि डीलरशिप नेटवर्क या आरटीओ डेटाबेस से जुड़े सिस्टम के जरिए भी बाहर लीक हो सकता है।
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सख्त कानून की जरूरत: इस घटना ने एक बार फिर भारत में डेटा सुरक्षा और ग्राहकों की सहमति के बिना उनकी जानकारी साझा करने पर कड़े नियमों की जरूरत पर जोर दिया है।
स्वानंद किरकिरे के इस वायरल पोस्ट ने एक व्यक्तिगत शिकायत को राष्ट्रीय स्तर की चर्चा में बदल दिया है। अब देखना यह है कि क्या वाहन कंपनियां और नियामक संस्थाएं ग्राहकों की प्राइवेसी को लेकर अधिक जवाबदेह बनती हैं या नहीं।