सड़कों पर वाहन चलाने के लिए सरकार ने कई नियम तय किए हैं, जिनका पालन करना सभी के लिए जरूरी होता है। इनमें से सबसे अहम होता है ड्राइविंग लाइसेंस और वाहन का रजिस्ट्रेशन। यदि कोई व्यक्ति इन दस्तावेजों के बिना वाहन चलाता है, तो उसे चालान भरना पड़ सकता है या कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ता है। हालांकि, कुछ खास तरह के वाहन ऐसे हैं जिन्हें चलाने के लिए न तो लाइसेंस की जरूरत होती है और न ही रजिस्ट्रेशन की।
बिना लाइसेंस-रजिस्ट्रेशन के चलाएं ये वाहन
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने कुछ इलेक्ट्रिक वाहनों को ड्राइविंग लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन से छूट दी है। अगर किसी इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर की अधिकतम गति 25 किलोमीटर प्रति घंटा है और उसमें लगी मोटर की क्षमता 250 वॉट या उससे कम है, तो ऐसे वाहन को चलाने के लिए किसी लाइसेंस या आरसी की जरूरत नहीं होती।
इसका मतलब यह है कि अगर आप ऐसा वाहन खरीदते हैं, जिसकी टॉप स्पीड 25 किमी/घंटा तक सीमित है, तो ट्रैफिक पुलिस आपके खिलाफ कोई चालान नहीं काट सकती। यहां तक कि अगर चेकिंग के दौरान पुलिस आपको रोक भी ले, तो भी सही जानकारी देने पर किसी तरह की पेनाल्टी नहीं लगाई जाएगी।
इस बाइक के लिए भी नहीं चाहिए लाइसेंस
भारत में कुछ ऐसे छोटे इंजन वाले दोपहिया वाहन भी मौजूद हैं जिनका इंजन 50cc से कम होता है और टॉप स्पीड 50 किमी/घंटा से अधिक नहीं होती। ऐसे वाहन भी लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन की अनिवार्यता से बाहर रखे गए हैं।
तो अगर आप किसी ऐसे वाहन की तलाश में हैं जिसे चलाने के लिए RTO के चक्कर न काटने पड़ें और पुलिस की जांच-पड़ताल से भी बचा जा सके, तो ये लो-स्पीड इलेक्ट्रिक वाहन आपके लिए बेहतरीन विकल्प हो सकते हैं।