कार मार्केट में एक बार फिर मंदी आ रही है। जून 2025 में वाहनों की बिक्री के आंकड़े निराशाजनक हैं। पैसेंजर वाहनों की बात करें, तो कारों की थोक और खदरा बिक्री दोनों कम हुई है। कारों का स्टॉक 65 दिनों तक जा पहुंचा है। ऐसे में डीलरों पर कारों को बेचने का दबाव बढ़ता जा रहा है। अब डीलर डिस्काउंट का सहारा लेकर गाड़ियों की बिक्री करने की कोशिश कर रहे हैं।
गाड़ियों की बिक्री में गिरावट
सोसाइटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स (SIAM) के मुताबिक, जून में कारों की बिक्री 7.4 फीसदी गिरकर 18 महीने में सबसे कम रह गई है। वहीं, फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स (FADA) के मुताबिक, कारों की रिटेल बिक्री यानी डीलरशिप से ग्राहकों को बेचे जाने वाली कारों की बिक्री में 9.4 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है।
इसके असर से शोरूम इन्वेंट्री करीब 65 दिनों की हो गई है। यानी डीलरों के पास गाड़ियों का 65 दिनों का स्टॉक पड़ा है। यह 30-35 दिनों की सामान्य संख्या से कहीं ज्यादा है।