दूध की कीमतों और बस किराए में संशोधन की चर्चाओं के बीच, कर्नाटक सरकार दोपहिया वाहन चालकों की सुरक्षा को लेकर एक बड़ा कदम उठाने की योजना बना रही है। सरकार राज्य में असुरक्षित हाफ-हेलमेट के निर्माण और बिक्री पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रही है।
विधान सौध में गृह मंत्री प्रियंक खरगे और परिवहन मंत्री बैरथी सुरेश की उपस्थिति में हुई समीक्षा बैठक के बाद परिवहन मंत्री ने बताया कि रिपोर्टों से स्पष्ट हुआ है कि वर्तमान में इस्तेमाल किए जाने वाले हाफ-हेलमेट सड़क दुर्घटनाओं के दौरान चालकों को पर्याप्त सुरक्षा प्रदान नहीं करते हैं। इस वजह से असुरक्षित हाफ-हेलमेट के निर्माण और बिक्री को रोकने के लिए कानूनी विकल्पों पर चर्चा की गई है।
ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर जुर्माने की राशि में कितनी वृद्धि हो सकती है?
बंगलूरू में यातायात भीड़ को नियंत्रित करने और सड़क सुरक्षा में सुधार के लिए गृह और परिवहन विभागों ने एक संयुक्त प्रस्ताव तैयार किया है:
- 3 से 4 गुना जुर्माना: खतरनाक तरीके से मोटरसाइकिल चलाने और सार्वजनिक सुरक्षा को खतरे में डालने वाले ट्रैफ़िक उल्लंघनों के लिए जुर्माने की राशि को 3 से 4 गुना तक बढ़ाने की तैयारी है।
- मंत्रिमंडल की मंजूरी: कानूनी राय प्राप्त करने के बाद इस प्रस्ताव को आगामी कैबिनेट बैठक में रखा जा सकता है।
इस उच्चस्तरीय बैठक में गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव राजेंद्र सिंह कठारिया, परिवहन विभाग की सचिव दीपा चोलन, डीजी एंड आईजीपी डॉ. एम.ए. सलीम, परिवहन आयुक्त डॉ. सेल्वमनी और बंगलूरू पुलिस आयुक्त सीमंत कुमार सिंह सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
बार-बार ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों के लिए क्या नया 'पॉइंट्स-बेस्ड सिस्टम' लाया जा रहा है?
बैठक में बार-बार यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले ड्राइवरों के खिलाफ कड़े कदम उठाने पर जोर दिया गया। इसके तहत 'पॉइंट्स-बेस्ड ड्राइविंग लाइसेंस सिस्टम' शुरू करने पर विचार किया जा रहा है:
- डीएल सस्पेंशन: अलग-अलग ट्रैफिक उल्लंघनों के आधार पर पॉइंट्स दिए जाएंगे। निर्धारित सीमा पार करने पर संबंधित ड्राइवर का ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित कर दिया जाएगा।
- 5 से अधिक उल्लंघनों पर ब्लैकलिस्टिंग: 5 या उससे अधिक बार नियम तोड़ने वाले चालकों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा, बकाया जुर्माना वसूलने और जरूरत पड़ने पर वाहनों को जब्त या ब्लैकलिस्ट करने के उपायों पर भी चर्चा हुई।
नियम तोड़ने वाले ड्राइवरों के लिए क्या रोड-सेफ्टी ट्रेनिंग अनिवार्य की जाएगी?
जिन ड्राइवरों के लाइसेंस बार-बार नियम तोड़ने के कारण निलंबित या रद्द किए जाने की नौबत आएगी, उनके लिए सरकार अनिवार्य रोड-सेफ्टी ट्रेनिंग और जागरूकता कार्यक्रम शुरू करने पर विचार कर रही है।
इस प्रशिक्षण का मुख्य ध्यान डिफेंसिव ड्राइविंग, सड़क सुरक्षा नियमों और ड्राइवर के व्यवहार में सुधार पर होगा। अधिकारियों ने इस ट्रेनिंग को पूरा करने के रिकॉर्ड को संबंधित डिजिटल सिस्टम में दर्ज करने की संभावना की भी समीक्षा की है।