Online Vehicle Insurance: जब आप कार या बाइक खरीदने जाते हैं तो शोरूम पर आपको वाहन की एक्स-शोरूम कीमत बताई जाती है। इसके बाद उसमें इंश्योरेंस, आरटीओ शुल्क और एक्सेसरीज की प्राइस जोड़कर ऑन-रोड कीमत तय की जाती है। ज्यादातर शोरूम वाले ग्राहक को गाड़ी का इंश्योरेंस बाहर से खरीदने का ऑप्शन ही नहीं देते और मजबूरन ग्राहक को शोरूम से ही इंश्योरेंस खरीदना पड़ता है। ऐसे में आइए जानते हैं कि क्या शोरूम से वाहन का इंश्योरेंस लेना है जरूरी है या इसे बाहर से भी खरीदा जा सकता है।
उपलब्ध हैं इंश्योरेंस से सस्ते विकल्प
आमतौर पर शोरूम में मिलने वाला इंश्योरेंस बाहर या ऑनलाइन मिलने वाले इंश्योरेंस से सस्ता होता है। ऐसा इसलिए क्योंकि शोरूम इंश्योरेंस कंपनियों द्वारा बेचे जाने वाले इंश्योरेंस पर अपना कमीशन जोड़ते हैं, जिसके चलते इंश्योरेंस महंगा मिलता है और इसका भार वाहन खरीदने वाले ग्राहकों पर डाल दिया जाता है। जहां, शोरूम पर एक 150cc बाइक का इंश्योरेंस 17-18 हजार रुपये तक बताया जाता है, वहीं यदि आप ऑनलाइन इंश्योरेंस खरीदते हैं तो 4000 रुपये से 5000 रुपये की सीधी बचत कर सकते हैं। यह अंतर इंश्योरेंस कंपनियों के अनुसार घट और बढ़ भी सकता है।
बाहर से भी ले सकते हैं इंश्योरेंस
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शोरूम के बाहर कैसे लें नई बाइक का इंश्योरेंस
बता दें कि अभी ऐसा कोई नियम नहीं है जो यह कहता है कि ग्राहक को शोरूम से ही वाहन का इंश्योरेंस खरीदना अनिवार्य है। अगर आप नई कार या बाइक खरीदने जाएं और शोरूम पर दिया जाने वाला इंश्योरेंस महंगा लगे, तो आप आप बाहर से या ऑनलाइन इंश्योरेंस बेचने वाली कंपनियों से भी इंश्योरेंस खरीद सकते हैं। इन कंपनियों से आपको काफी किफायती दर पर इंश्योरेंस मिल सकता है।
इसके लिए आपको नई बाइक का चेसिस नंबर नोट कर लेना है। इसके आधार पर आप शोरूम पर बैठे-बैठे ही ऑनलाइन इंश्योरेंस खरीद सकते हैं। एक बार जब आपको इंश्योरेंस नंबर मिल जाए तो आप शोरूम पर इसे दिखाकर बाइक खरीदने की आगे की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
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इन बातों का रखें ध्यान
ऑनलाइन या बाहर से इंश्योरेंस खरीदते समय कंपनी के वास्तविक होने का हमेशा ध्यान रखें। इंश्योरेंस उसी कंपनी से खरीदें जो बाजार में लोकप्रिय हो और उसकी रेटिंग अच्छी हो। इंश्योरेंस के लिए किसी एक कंपनी पर निर्भर न रहें। मार्केट में अन्य कंपनियों के भी इंश्योरेंस रेट चेक करें। किसी भी पेपर पर साइन करते समय नियम व शर्तों को ध्यान से पढ़ें और समझ न आने पर कस्टमर केयर से मदद लें।