इन दिनों सोशल मीडिया पर इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल को लेकर कई तरह की अफवाहें और आलोचनाएं देखने को मिल रही हैं। इस बीच, केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने इन सभी चिंताओं और अफवाहों पर खुलकर बात की है। दिल्ली में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए मंत्री ने बायोफ्यूल ब्लेंडिंग (जैव ईंधन मिश्रण) को बढ़ावा देने के सरकार के फैसले का मजबूती से बचाव किया। इसके साथ ही, उन्होंने पश्चिम एशिया के संकट के कारण ईंधन की कीमतों में हुई बढ़ोतरी पर भी अपनी बात रखी।
क्या वाकई E20 पेट्रोल से गाड़ियों का माइलेज कम हो जाता है?
इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल के इस्तेमाल से माइलेज में आने वाली गिरावट के सवाल पर केंद्रीय मंत्री ने स्थिति साफ की:
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मामूली गिरावट संभव: केंद्रीय मंत्री ने स्वीकार किया कि वाहन मालिकों को माइलेज में एक बेहद मामूली कमी महसूस हो सकती है, जो विभिन्न कारकों पर निर्भर करती है।
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पिकअप और परफॉर्मेंस में सुधार: इसके साथ ही उन्होंने इसके फायदों को बताते हुए कहा कि इथेनॉल-मिश्रित पेट्रोल से गाड़ियों का एक्सीलरेशन (पिक-अप) बेहतर होता है। इसी वजह से इसका इस्तेमाल रेसिंग कारों में बेहतरीन परफॉर्मेंस के लिए किया जाता है।
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नॉकिंग की समस्या दूर: मंत्री ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, "कुछ लोग कह रहे हैं कि ईंधन का माइलेज कम होने वाला है। अब यह बात अच्छी तरह साबित हो चुकी है कि इथेनॉल का इस्तेमाल रेसिंग कारों तक में होता है। इससे एक्सीलरेशन बेहतर होता है। उसे क्या कहते हैं? नॉकिंग? हां, नॉकिंग की समस्या में भी सुधार होता है। माइलेज? हां, यह थोड़ा कम हो सकता है। लेकिन विभिन्न कारणों से इसमें केवल मामूली गिरावट ही आ सकती है।"