चीन हमेशा नई तकनीक के लिए जाना जाता है और इसी कड़ी में एक बार फिर चीन ने दुनिया को चौंकाया है। बीजिंग ऑटो शो से ठीक पहले, दुनिया की सबसे बड़ी इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) बैटरी निर्माता कंपनी CATL ने अपनी नई फास्ट-चार्जिंग बैटरी तकनीक का खुलासा करके ऑटोमोबाइल बाजार को हिला कर रख दिया है। इस नई तकनीक के साथ CATL ने अपनी प्रतिद्वंद्वी कंपनी BYD समेत कई अन्य निर्माताओं को कड़ी चुनौती दी है। इससे ईवी की दुनिया में एक बहुत बड़ी क्रांति आ सकती है। यह नई तकनीक इलेक्ट्रिक कारों की सबसे बड़ी टेंशन- बैटरी चार्जिंग में लगने वाला समय और कम रेंज को पूरी तरह से खत्म करने वाली है।
इलेक्ट्रिक वाहनों (ईवी) की दुनिया में चार्जिंग का समय हमेशा से एक बड़ी चुनौती रहा है, लेकिन CATL की तीसरी जनरेशन की 'Shenxing' बैटरी ने इस खेल को पूरी तरह बदल दिया है। कंपनी का दावा है कि यह दुनिया की सबसे तेज चार्ज होने वाली ईवी बैटरी है, जो महज 6 मिनट और 27 सेकंड में 10% से 98% तक चार्ज हो जाती है।
फास्ट चार्जिंग के साथ ही CATL की बैटरियां वजन में कम और रेंज में भी बेहतर हैं। कंपनी के नए 'Qilin' बैटरी पैक की सबसे बड़ी खासियत इसका हल्का होना है। महज 625 किलोग्राम वजन वाला यह पैक किसी भी इलेक्ट्रिक कार को एक बार फुल चार्ज करने पर 1 हजार किलोमीटर तक की जबरदस्त रेंज देने में सक्षम है।
यह तकनीक इसलिए क्रांतिकारी है क्योंकि पहले इतनी लंबी दूरी तय करने के लिए बहुत भारी बैटरी पैक की जरूरत पड़ती थी। इससे गाड़ी का परफॉर्मेंस और रफ्तार प्रभावित होती थी। अब कम वजन और ज्यादा ताकत के साथ, इलेक्ट्रिक गाड़ियां न सिर्फ लंबी दूरी तय कर पाएंगी, बल्कि चलाने में भी पहले से ज्यादा कुशल होंगी।
CATL आम आदमी के बजट को ध्यान में रखते हुए सोडियम-आयन बैटरियों पर भी तेजी से काम कर रही है। इस वर्ष की चौथी तिमाही तक कंपनी इनका बड़े पैमाने पर उत्पादन शुरू कर देगी, जो मौजूदा लिथियम-आयन बैटरियों के मुकाबले एक बहुत ही किफायती विकल्प साबित होंगी।
पिछले कुछ वर्षों से दुनिया भर के इलेक्ट्रिक कार बाजार में कीमतों को घटाने की जो होड़ मची थी, अब उसका ट्रेंड बदलता नजर आ रहा है। कंपनियां अब सिर्फ दाम कम करने के बजाय उसी कीमत पर ग्राहकों को कहीं बेहतर और आधुनिक तकनीक देने पर अपना पूरा फोकस कर रही हैं।
CATL की यह नई बैटरी तकनीक इसी बदलाव की दिशा में एक बहुत बड़ा मील का पत्थर है। साफ है कि अब ऑटोमोबाइल बाजार में मुकाबला इस बात पर होगा कि कौन सबसे कम समय में सबसे ज्यादा रेंज और टिकाऊ तकनीक दे पाता है। इससे न केवल कंपनियों का मुनाफा बढ़ेगा बल्कि ग्राहकों को भी वर्ल्ड-क्लास परफॉर्मेंस मिलेगी।