अगर आपने अपने वाहन को सुरक्षित रखने के लिए बंपर गार्ड लगा रखा है तो उसे हटवा लीजिए। अगर ऐसा नहीं किया तो जुर्माना भरना पडे़गा। शासन ने साफ-साफ शब्दों में परिवहन विभाग के अधिकारियों को चेताया है कि किसी भी वाहन में कोई बाहरी सामान नहीं लगना चाहिए। गौतमबुद्धनगर में अधिकारियों द्वारा नए साल में इसके खिलाफ अभियान शुरू किया जाएगा। मालूम हो कि दिल्ली में इस तरह का अभियान शुरू किया जा चुका है।
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दरअसल, पिछले दिनों हुए एक सर्वे में सामने आया था कि जिन वाहनों पर बंपर गार्ड लगा होता है। उनसे हादसे अधिक होते हैं और वह गलत तरीके से वाहनों को दौड़ाते हैं। एआरटीओ प्रशासन एके पांडेय ने बताया कि मोटर अधिनियम में बंपर गार्ड गैरकानूनी है। शासन ने पत्र के माध्यम से प्रदेश भर के आरटीओ और एआरटीओ को निर्देशित किया है कि जिन वाहनों में (कार या ऑटो अथवा कामर्शियल वाहन) कोई लोहे की रॉड लगाई हुई या एल्यूमिनियम या लोहे का बंपर गार्ड लगा रखा है उसे तत्काल हटवाना शुरू करें। इस सप्ताह तो लोगों को जागरूक किया जाएगा और 2018 की शुरुआत से ही अभियान शुरू कर दिया जाएगा। इसमें ऑटो, कार और टैंपो-ट्रक आदि से बंपर गार्ड और बाहर लगी लोहे के एंगल को हटवाया जाएगा।
ऑटो में हो रहा धड़ल्ले से उपयोग
जिन ऑटो या वाहनों में बंपर गार्ड या लोहे की रॉड लगी होती है। वह अपने आप को सुरक्षित मानते हुए वाहनों गलत तरीके से चलाते हैं और इससे दूसरे वाहन स्वामियों के साथ हादसा हो जाता है। नोएडा में कई चालकों ने ऑटो के साइड में लोहे के पत्ती लगवा रखी है और जिससे अन्य वाहनों में क्षति हो जाती है जबकि उनके ऑटो में खरोंच तक नहीं आती है।
नए साल में नियम तोड़ने पडे़ंगे भारी
अधिकारियों की मानें तो अभी तक सीट बेल्ट न लगाने और हेलमेट न पहनने पर 100-100 रुपये का जुर्माना किया जाता था, लेकिन अब मोटर अधिनियम में बदलाव किया जा रहा है। इसमें हेलमेट न होने और सीट बेल्ट न लगाने पर 1000-1000 रुपये का जुर्माना देना होगा। वहीं, डीएल न होने पर 750 रुपये जुर्माना होता था अब 2000 रुपये तक दंड भरना होगा। केंद्र सरकार की ओर से इस अधिनियम में संशोधन करके साल-2018 से लागू कर दिया जाएगा।