ई-रिक्शा बुकिंग सेवा मुहैया करने वाली कंपनी OYE! Rickshaw (ओए! रिक्शा) देशभर में तिपहिया वाहनों की बैटरी स्वैपिंग (अदला-बदली) की बुनियादी सुविधाएं स्थापित करने को लेकर अगले तीन वर्ष में 3700 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।
कंपनी को मैट्रिक्स पार्टनर्स, चिराता वेंचर्स, श्याओमी और उद्योगपति पवन मुंजाल जैसे निवेशकों का समर्थन हासिल है। वह बैटरी के अदला-बदला कारोबार को स्थापित करने में तेजी लाने के लिए इस वर्ष करीब दो से तीन करोड़ डॉलर का निवेश करेगी।
कंपनी ने इस साल के आखिर तक 10,000 लिथियम-आयन बैटरी बनाने का लक्ष्य रखा था। कोविड-19 महामारी की दूसरी लहर के कारण यह संभव नहीं हो सका और अब कंपनी 5,000 वाहनों में 6,500 लिथियम-आयन बैटरी बनाने पर विचार कर रही है।
ओए! रिक्शा अपने वितरण व्यवसाय का विस्तार करने पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है। जिसमे महामारी के दौरान कई गुना वृद्धि देखी गई है।
ओए! रिक्शा के मुख्य कार्यकारी अध्यक्ष और सह-संस्थापक मोहित शर्मा ने पीटीआई से कहा, "अगले तीन वर्षों में हम 40 से 50 करोड़ डॉलर का निवेश करने जा रहे हैं। यह एक बड़ी रकम है।.... इस साल या शायद अगले साल तक हम लगभग दो से तीन करोड़ डॉलर का निवेश करेंगे।"
बता दें कंपनी इस समय अपना ज्यादातर कारोबार दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा के कुछ हिस्सों में करती है।