फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फिर सड़कों पर दिखेगी अमेरिका की Suicide कार, क्यों पड़ा इसका यह नाम

Thu, 27 Dec 2018 12:02 PM IST
भावना चौधरी ऑटो डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
Suicide door
विज्ञापन

60 के दशक की कारें लोग आज विटेंज कारों के रूप में पहचानते हैं कई ऐसे कार संग्रह हैं जो इस तरह की कारों को संजोय हुए हैं। ऐसे मेें एक बार फिर सामने आई एक ऐसी कार जिसका न सिर्फ इतिहास से बल्कि अमेरिकी राष्टपति कैनेडी से गहरा नाता है। बता दें, हम बात कर रहे हैं 'सुसाइड डोर'नामक कार की। लिंकन कार कंपनी एक बार फिर कॉन्टिनेंटल कारों में 'सुसाइड डोर' को लेकर आई है। जिसकी खासियत इसके दरवाजे हैं।

विज्ञापन

आइए जानते हैं इस कार से जुड़ी कुछ रहस्मय बातें:

Suicide door
  • कॉन्टिनेंटल कारों में 'सुसाइड डोर' को सबसे पहले फोर्ड के संस्थापक हेनरी फोर्ड के बेटे एडसेल ने निजी इस्तेमाल के लिए 1939 में बनवाया था।
  • हालांकि इस कार की लोकप्रियता देखकर इसका 1961 में बड़े पैमाने पर उत्पादन शुरू हुआ।
  • इस कार को बाजार में सन् 1960 में काफी पसंद किया जाता था। जिसकी बिक्री में घाटा होेने पर कंपनी ने इसे 2002 में बंद कर दिया था। 
  • कार को एक बार फिर से 2016 में लांच किया गया। 
  • इस कार का अमेरिकी इतिहास से गहरा नाता है इसमे ही अमेरिका के राष्ट्रपति जॉन एफ. केनेडी की गोली मारकर हत्या की गई थी। 
  • इसके अलावा स्पेन के चित्रकार पाबलो पिकासो के पास भी 1963 की सफेद कॉन्टिनेंटल कार थी। 
विज्ञापन

सुसाइड डोर नाम क्यों

Suicide door
कार का नाम सुसाइड डोर सुनने में थोड़ा अटपटा है, लेकिन शुरूआत में खर्च कम करने के लिए अगले-पिछले दोनों दरवाजों में हैंडल के बजाय सिर्फ एक जगह हैंडल दिए जाते थे, जो आज भी रोल्स रॉयस की कारों में पाए जाते हैं। चलती कार में दरवाजा खोलने पर अक्सर हवा के दबाव से बंद करना मुश्किल होता है। जिसके कारण इसे सुसाइड डोर नाम दिया गया।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें