तकनीकि विज्ञान के सामने वह सबकुछ हकीकत सा लगने लगा है जिसका भविष्य एक ख्वाब से ज्यादा कुछ नहीं था। हमने नहीं सोचा था कि एकदिन हम सब फोन अपने जेब में लेकर घूमेंगे, पूरी दुनिया को कहीं से भी बैठकर लाइव देख पाएंगे। लेकिन यह सबकुछ सच हो गया। अब एक ख्वाब और हकीकत बनने को तड़प रहा है और वह है फ्लाइंग कारों का। वो दिन दूर नहीं जब हम अपने मंजिल पर जाने के लिए टैक्सी बुक करेंगे और हमारे सामने चिड़िया जैसे उड़ते हुए एक कार आएगी और हम उसमें बैठकर पलक झपकते ही अपने ऑफिस पहुंच जाएंगे वो भी बिना किसी यातायात में फंसे हुए।
दुनिया की जानी-मानी ऑन लाइन टैक्सी सेवा प्रदाता ऊबर ने नासा के इंजिनियरों को फ्लाइंग कार बनाने के लिए आमंत्रित किया है। अगर सबकुछ सही दिशा में घटा तो तीन चार सालों में आप फ्लाइंग कार में बैठकर सफर का आनंद उठा पाएंगे। उबर द्वारा तैयार की गई ये फ्लाइंग टैक्सियां ड्रोन हेलिकॉप्टर के समान होंगी और इलेक्ट्रिक संचालित होंगी।
नासा के एअरक्राफ्ट इंजिनियर मार्क मोरे के साथ आने से ऊबर कंपनी को भरोसा हो गया है कि वो अब फ्लाइंग कारों के सपने को सच में साकार रूप दे पाएंगी। मार्क ने नासा में 30 साल बतौर इंजिनियर काम किया और ऊबर के साथ जुड़कर इस प्रॉजेक्ट के डायरेक्टर बन गए हैं। इस प्रोजेक्ट को उबर ने "उबर ऐलिवेटेड फ्लाइंग टैक्सी सर्विस" का नाम दिया है।