ड्राइव पर निकलने से पहले अपनी कार को ठीक से चैक करा लें खास तौर पर, हेडलैम्प्स,फोग लैम्प्स, को चैक कर लें इसके अलावा कार में कूलेंट की मात्रा बराबर देख लें। कोशिश कीजिये एक्स्ट्रा कूलेंट साथ में रख लें। गाड़ी में इंजन ऑयल की भी जांच कर ले, अगर ऑयल की मात्रा कम है तो टॉप-अप करा लें।
टायर्स में हवा जरूर चेक कर लें अगर हवा कम हो तो डलवा लें, टायर्स में हवा का प्रेशर सही होने से गाड़ी अच्छी चलती है साथ ही माइलेज बेहतर मिलती है। इतना ही सही हवा होने की वजह से पंचर होने के चांस कम रहते हैं।
रात में ड्राइव करते समय गाड़ी की स्पीड बहुत ज्यादा न रखें ओवर स्पीड से बचें। अक्सर कुछ जगह ऐसी होती अहिं जहां काफी अंधेरा होता है और खराब रास्तों का पता नहीं चल पता जिसकी वजह से हादसें हो जाते हैं।
कार की विंडस्क्रीन को साफ़ रखें इससे आपको रात में साफ़ और बेहतर दिखाई देगा। याद रहे विंडस्क्रीन को अन्दर और बाहर दोनों तरफ से साफ़ करें क्योकिं आमतौर पर लोग ग्लास को केवल बाहर से ही साफ़ करते चलते बनते हैं।
रात में कार चलाते समय कैबिन लाइट ऑन न करें, इससे बाहर की लाइट समझने में दिक्कत होगी, साथ ही बाहर चलते किसी को भी कार के अंदर बैठे लोगों को अंदर की स्थिति का पता न लग सके। यह सुरक्षा के लिहाज से भी बेहतर होता है।
दिन में ओवरटेक में उतनी परेशानी नहीं होती जितनी रात में होती है क्योकिं रात रोड का अंदाजा लगा पाना आसान नहीं होता अगर जरूरी हो रात में ओवरटेक करना तो सेफ्टी के लिए हॉर्न की जगह ट्रिप लाइट का प्रयोग करें।
आजकल नई कारों में मोबाइल चार्जिंग के सुविधा मिलने लगी है, लेकिन पुरानी कारों में ऐसी सुविधा अभी भी नहीं है ऐसे में लम्बे सफ़र पर निकलने से पहले अपने साथ एक पावर बैंक जरूर लेकर जायें, अक्सर यह मुसीबत में बहुत काम आता है
रात में हाईवे पर पर गाड़ी चलाते समय किसी सुनसान जगह पर गाड़ी न रोकें अगर बहुत जरूरी हो गाड़ी रोकना तो किसी पेट्रोल पम्प या ढ़ाबे/रेस्टोरेन्ट पर रोकें। साथ ही पार्किंग इंडिकेटर का इस्तेमाल करें।