कोरोना के झटके से अब ऑटो सेक्टर धीरे-धीरे उबर रहा है। हालांकि, अगर बिक्री की बात करें तो पिछले साल के मुकाबले लगभग सभी सेगमेंट में भारी गिरावट दर्ज की गई है। इसका असर टू-व्हीकल कंपनियों पर भी देखने को मिल रहा है, जहां सभी बड़ी कपनियों की बिक्री घटी है। लेकिन इस बात से भी मना नहीं किया जा सकता कि लॉकडाउन के बाद जिस तरह का डर या अंदेशा था, उसके मुकाबले ऑटो सेक्टर काफी बेहतर परफॉर्म कर रहा है। टू-व्हीलर सेगमेंट की बात करें तो जून में भले ही कंपनियों की बिक्री घटी है, लेकिन हालात सुधरे हैं। जून में दो-पहिया वाहनों की बिक्री कोरोना से पहले के दौर का 60 से 80 फीसदी तक है।
ऊपर दिए आंकड़ों से यह साफ है कि जून 2019 के मुकाबले जून 2020 में कंपनियों की बिक्री में भारी गिरावट आई है। लेकिन अगर मई 2020 से इसकी तुलना की जाए तो बिक्री में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। रॉयल एनफिल्ड का कहना है कि वाहनों को लेकर की गई पूछताछ और ऑर्डर कोरोना के पहले के हालत में आ गई है। कंपनी के ऑफिशियल्स का कहना है कि अगले दो महीनों में बिजनेस 60 फीसदी तक रिकवरी कर लेगा।