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18 जून को गुरु का पुष्य नक्षत्र में गोचर, इस उपाय को करने से मिलता है धन और सुख की प्राप्ति

Tue, 16 Jun 2026 06:19 PM IST
Vinod Shukla धर्म डेस्क, अमर उजाला

सार

18 जून से लेकर 18 अगस्त का गुरु शनि के स्वामित्व वाले नक्षत्र पुष्य में गोचर करेंगे। कुछ उपाय करने से जीवन में धन और मान सम्मान की कोई कमी नहीं होती। 
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गुरु ग्रह का नक्षत्र परिवर्तन - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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ज्योतिष में देवगुरु बृहस्पति को बहुत ही शुभ और महत्वपूर्ण ग्रह माना जाता है। यह धन, ज्ञान, अध्यात्म और विवाह के कारक होते हैं। 18 जून 2026 को देवगुरु बृहस्पति नक्षत्र परिवर्तन करेंगे। गुरु शनि के स्वामित्व वाले पुष्य नक्षत्र में प्रवेश करेंगे जिसे ज्योतिष में बहुत ही महत्वपूर्ण घटना मानी जाती है। पुष्य नक्षत्र को बहुत ही शुभ माना जाता है। गुरु अभी अपनी उच्च राशि कर्क में हैं और नक्षत्रों के राजा पुष्य में गोचर करेंगे। ज्योतिष में गुरु के नक्षत्र परिवर्तन को धन, सुख-सुविधा और अच्छी सेहत के लिहाज से बहुत ही अच्छा और शुभ माना जाता है। गुरु के नक्षत्र परिवर्तन होने पर जीवन में धन, बीमारियों और पारिवारिक कष्टों से मुक्ति पाने के लिए कुछ उपाय जरूर करना चाहिए। 

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माथे पर हल्दी का तिलक लगाएं
गुरु का संबंध पीले रंग से होता है। यह ज्ञान और खुशहाली का प्रतीक होता है। गुरु के नक्षत्र परिवर्तन के दौरान स्नान करके रोजाना माथे पर हल्दी या केसर का तिलक लगाना चाहिए। इससे कुंडली में गुरु मजबूत होते हैं। समाज में इससे मान-सम्मान की प्राप्ति होती है और मन में कभी भी नकारात्मकता नहीं आती है। 

विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ
गुरु के नक्षत्र परिवर्तन के दिन विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करना चाहिए। पुष्य नक्षत्र के देवता स्वयं देवगुरु बृहस्पति होते हैं। विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करने धन की कमी नहीं होती है और कर्जों से छुटकारा मिलता है। 
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पीली वस्तु का दान
गुरु के पुष्य नक्षत्र के दौरान मंदिर में या फिर किसी जरूरमंद ब्राह्राण को पीले रंग की चीजों का दान करने चाहिए। इससे जीवन में धन-धान्य की कोई कमी नहीं होती है। 

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केले के पेड़ की पूजा 
पुष्य नक्षत्र के संयोग में हर गुरुवार को सुबह स्नान करके केले के पेड़ को जल अर्पित करें और विधि विधान के साथ पूजा करें। इससे नौकरी और व्यापार में आ रही रुकावटें दूर होंगी। इसके अलावा जिन लोगों के विवाह में अड़चनें आ रही हैं वह दूर होंगी।

गाय को हरा चारा और गुड़ चना खिलाएं
अच्छी सेहत और लंबी आयु के लिए गुरु के गोचर के दौरान हर गुरुवार के दिन गाय को हरा चारा के सात चने की दाल और गुड़ खिलाएं। इससे बीमारियों से बचा जा सकता है और सेहत अच्छी रहती है। 

डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।

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