महिलाओं को सबसे ज्यादा प्यार गहनों से होता है। हर महिला चाहती है कि उनके पास ढ़ेरों गहने हों लेकिन कुछ के पास खूब सारे गहने होते हैं तो कुछ महिलाओं के पास धन होते हुए भी गहनों का अभाव होता है अथवा गहने होते भी हैं तो उसका सुख नहीं मिलता है।
भविष्य पुराण में ब्रह्मा जी कुमार कार्तिकेय जी को बताते हैं कि स्त्रियों के शुभ लक्षणों को उनकी गर्दन को देखकर भी जाना जा सकता है। जिस महिला के कंधे और गर्दन का पिछला भाग उंचा नहीं होता है वह दीर्घायु होती है और लंबे समय तक अपने पति के साथ सांसारिक सुखों का आनंद प्राप्त करती हैं।
जिन महिलाओं की गर्दन लंबी होती है और चार उंगल के परिमाप पर तीन स्पष्ट रेखा होती है वह बड़ी ही भाग्यशाली होती है। ऐसी महिला सभी प्रकार के भौतिक सुख-सुविधाओं सहित रत्नों के आभूषण धारण करती हैं। इनके पास ढ़ेरों गहने होते हैं और इनका सुखपूर्वक उपभोग करती हैं।
पतली गर्दन वाली महिला को जीवन में बार-बार आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। मोटी और भारी गर्दन वाली महिला को जीवन में कई बार दु:ख का सामना करना पड़ता है। गर्दन लंबी हो लेकिन बारबर दूरी पर तीन रेखा नहीं हो तो ऐसी महिला दूसरों के अधीन जीवन बिताती है।