हथेली पर गुरु पर्वत को बहुत ही शुभ माना जाता है।
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हस्तरेखा ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, हथेली पर लकीरों, निशानों और पर्वतों का विशेष महत्व होता है। हथेली पर बनी लकीरों से जहां व्यक्ति के भविष्य के बारे में जानकारी प्राप्ति की जाती है, वहीं पर उंगलियों के नीचे बने पर्वतों से भी बहुत कुछ जानकारियां हासिल होती हैं। आज हम आपको हथेली पर बने गुरु पर्वत के बारे में बताने जा रहे हैं। हथेली में तर्जनी उंगली के नीचे बने उभार वाले हिस्से को गुरु पर्वत कहा जाता है। गुरु पर्वत ज्ञान, मान-सम्मान, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक पद-प्रतिष्ठा आदि का प्रतीक माना जाता है। हस्तरेखा ज्योतिष शास्त्र में हथेली पर बने गुरु पर्वत पर कुछ विशेष निशान होने से व्यक्ति के जीवन पर गहरा प्रभाव डालते हैं। गुरु पर्वत पर अगर त्रिभुज, तारा और क्रॉस का निशान बना हुआ होता है तो इसे बहुत ही खास माना जाता है।
गुरु पर्वत पर त्रिभुज
हस्तरेखा ज्योतिष शास्त्र के अनुसार गुरु पर्वत पर बने त्रिभुज के निशान को बहुत ही शुभ और पवित्र माना जाता है। जिन लोगों की हथेली के ऊपर गुरु पर्वत पर यह निशान बना होता है वे लोग बहुत ही बुद्धिमान, विद्वान, दूरदर्शी और नेतृत्व करने की क्षमता वाले होते हैं। ऐसे लोग अपने जीवन में शिक्षा, शासन, प्रशासन और राजनीति में विशेष सफलता प्राप्त करने वाले होते हैं। ऐसे लोग समाज में उच्च स्थान को प्राप्त करने वाले होते हैं।
गुरु पर्वत पर तारा का निशान
गुरु पर्वत के ऊपर तारा के निशान को भी बहुत ही शुभ, सफलता और प्रसिद्धि से भरा हुआ माना जाता है। जिन लोगों की हथेली पर ऐसा निशान बना हुआ होता है वे बहुत ही भाग्यशाली और जीवन में बड़ी उन्नति पाने वाले लोग होते हैं। गुरु पर्वत के ऊपर अगर यह तारा एकदम स्पष्ट और साफ दिखाई दे तो इससे व्यक्ति का समाज में मान-सम्मान और पद-प्रतिष्ठा में वृद्धि होती है। लेकिन वहीं अगर गुरु पर्वत पर यही तारे का निशान अगर टूटा-फूटा हो तो व्यक्ति के जीवन में कई तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ता है।
गुरु पर्वत पर क्रॉस का निशान
गुरु पर्वत पर क्रॉस के निशान को मिला-जुला फल देने वाला माना जाता है। हथेली पर क्रॉस के निशान को वैवाहिक सुख और रिश्तों के रूप में देखा जाता है। अगर हथेली पर क्रॉस का निशान एकदम स्पष्ट और विकसित हो तो व्यक्ति को अपने जीवनसाथी का अच्छा और भरपूर सहयोग मिलता है।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।