मौदहा (हमीरपुर)। क्षेत्र में चक्रवाती तूफान और ओलावृष्टि से बुरी तरह प्रभावित हुए 37 गांवों के 4515 किसान चिह्ति हुए है। इन किसानों का राजस्व विभाग ने 1 करोड़ 32 लाख से अधिक की सहायता राशि दिए जाने का प्रस्ताव तैयार किया है। इसमें लघु, सीमांत व बड़े किसानों के क्षति का अलग अलग आकलन करते हुए लेखपालों ने पांच फीसदी से अधिक क्षति वालों को चिह्नित किया है।
11 अप्रैल की शाम तहसील क्षेत्र के 37 गांवों में भारी ओलावृष्टि से फसलें बरबाद हो गईं। कर्ज माफी की आवाजें उठने लगीं। राजनैतिक दलों सहित कई किसान संगठन दबाव बनाने लगे। राजस्व विभाग के लेखपालों की टीमें गठित कर फसलों की क्षति और प्रभावित गांवों की रिपोर्ट शासन को भेजी गई। अब क्षति के रकबा सहित अन्य आकलन की विस्तृत रिपोर्ट तैयार हुई है।
राजस्व विभाग के आकलन के मुताबिक जिन 37 गांवों में ओलावृष्टि से 50 फीसदी से अधिक की क्षति हुई है। उससे 2330.414 हेक्टेयर पर खड़ी फसलें प्रभावित हुई हैं। जिसमें किसानों को भारी क्षति हुई है। इसमें 4515 किसान प्रभावित हुए हैं। यह सरकारी मुआवजे के हकदार हैं। इनको एक करोड़ 32 लाख से अधिक की धनराशि मांगे जाने का प्रस्ताव है। इस धनराशि में न्यूनतम क्षति पर 500 रुपए व अधिकतम प्रति हेक्टेयर 6 हजार रुपए लघु सीमांत किसानों के लिए तथा बड़े काश्तकारों के लिए देय है।