अमर उजाला
Wed, 27 November 2024
30 नवंबर को साइबर फ्रॉड पर रोकथाम से जुड़ीं ट्रेसिबिलिटी गाइडलाइन्स को लागू करने के लिए ट्राई की डेडलाइन खत्म हो रही है
जिसके बाद दूरसंचार कंपनियों को ओटीपी समेत सभी कमर्शियल मैसेज मॉनिटर करने होंगे।
नए नियम लागू होने के बाद ओटीपी डिलीवरी में काफी देरी हो सकती है। नियम न मानने वाली कंपनियों के मैसेज ब्लॉक किए जाएंगे।
मैसेज ट्रैसेबिलिटी को बढ़ाने के मकसद से ये नए उपाय, उपभोक्ताओं को घोटालों और ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाने के लिए ट्राई की व्यापक पहल का हिस्सा हैं।
शुरुआत में TRAI ने अगस्त 2023 में टेलीकॉम ऑपरेटरों को बैंकों और वित्तीय संस्थानों से भेजे गए संदेशों को ट्रैक करने का निर्देश दिया था,
लेकिन अब नवंबर की समयसीमा भी खत्म हो रही है और टेलीकॉम कंपनियां अनुपालन के लिए तैयार हैं,
हालांकि कई प्रमुख संस्थाएं (PEs) और टेलीमार्केटर अभी भी बदलाव के लिए तैयार नहीं हैं।
यह कदम साइबर धोखाधड़ी की बढ़ती घटनाओं को रोकने के लिए महत्वपूर्ण है, जहां स्कैमर्स स्कैम के लिए फर्जी ओटीपी का इस्तेमाल करते हैं।
दूरसंचार कंपनियों को शुरू में इन उपायों को लागू करने के लिए 31 अक्टूबर की समय सीमा दी गई थी, उन्होंने अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए और समय का अनुरोध किया।
टेक्नॉलॉजी की अन्य ख़बरों के लिए क्लिक करें