अमर उजाला
Thu, 2 March 2023
यदि आपका समय अच्छा चल रहा हो तो सभी मित्र आपका साथ देने के लिए तैयार रहते है, लेकिन वही जब इंसान के जीवन में बहुत सी परेशानियां आती हैं तब दोस्तों की असलीयत सामने आती है
आचार्य चाणक्य के अनुसार रोग से पीड़ित होने पर दुख आने पर, अकाल पड़ने पर, शत्रु की ओर से संकट, किसी की मृत्यु के समय जो व्यक्ति साथ नहीं छोड़ता वही सच्चा साथी माना जाता है
सच्चे मित्र की तरह एक अच्छी पत्नी की पहचान भी पति के विपरीत समय होने पर उसका साथ देने से होती है, यदि विपरीत समय में भी पत्नी पति का साथ न छोड़े तो वह अच्छी जीवन साथी कहलाती है
अकेले होने पर मन की पवित्रता की असलियत सामने आ जाती है, ऐसे में जो व्यक्ति अकेले में भी आपका साथ न छोड़े वही सच्चा साथी होता है
मुश्किल समय में बहुत काम आती हैं आचार्य चाणक्य की ये बातें