अमर उजाला
Tue, 16 January 2024
सुबह ब्रह्म मुहूर्त में उठें और स्नान कर साफ वस्त्र धारण करें।
तुलसी में जल अर्पित करें।
तुलसी को सिंदूर लगाएं और फूल अर्पित करें।
तुलसी के पास घी का दीपक जलाएं।
तुलसी स्तोत्र पाठ और तुलसी आरती करें।
इसके बाद फल और मिठाई का भोग लगाएं।
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