अमर उजाला
Tue, 9 July 2024
ये सभी महादेव की पूजा को समर्पित है, वहीं आषाढ़ माह में ये व्रत 18 जुलाई को रखा जाएगा
यह व्रत गुरुवार के दिन है, इसलिए इसका नाम गुरु प्रदोष व्रत है
बता दें यह जुलाई माह का आखिरी प्रदोष व्रत है
इस दिन देवों के देव महादेव की पूजा करने से मनोवांछित फलों की प्राप्ति होती है
इस दौरान शिव भगवान की पूजा के लिए मुहूर्त रात 8 बजकर 44 मिनट से लेकर रात 9 बजकर 23 मिनट तक है
सावन सोमवार का पहली बार रख रही हैं व्रत, तो इन बातों का रखें ध्यान