अमर उजाला
Mon, 12 September 2022
पेशवा बाजीराव द्वितीय का जन्म 1775 ई. में इसी किले में हुआ था
किले के तीसरे द्वार पर औरंगजेब और शाहजहां के सौतेले भाई अशर बेग के काल के दौरान का एक शिलालेख भी है
यह किला हिन्दू, मुस्लिम और अफ़गान शैली में बना हुआ है जो आने वाले पर्यटकों को खूब लुभाता है
यहां बाग नदी के किनारे स्थित गुफाएं ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण हैं, यहां 5वीं और 6वीं शताब्दी की चित्रकला भी मौजूद है
कर्तव्य पथ पर उमड़ा हुजूम, सैलानियों ने लाइटिंग और आउटिंग का उठाया लुत्फ