ब्रह्मोस सुपरसोनिक मिसाइल की खासियतें

अमर उजाला

Fri, 14 January 2022

Image Credit : ANI

फिलीपींस ने भारत के साथ दुनिया की सबसे तेज सुपरसोनिक एंटी शिप क्रूज मिसाइल ब्रह्मोस की खरीद को मंजूरी दे दी है। ब्रह्मोस मिसाइल का यह पहला विदेशी ऑर्डर है। यह सौदा 37 करोड़ 49 लाख अमेरिकी डॉलर का है। 

Image Credit : ANI

ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल है, जिसे रूस की मदद से भारत ने बनाया है। यह दुनिया की ताकतवर मिसाइलों में है। जो हवा में ही मार्ग बदल सकती है और चलते-फिरते लक्ष्य को भी भेद सकती है।

Image Credit : ANI

यह सुपरसोनिक मिसाइल 10 मीटर की ऊंचाई पर उड़ान भर सकती है और रडार की पकड में भी नहीं आती है। ब्रह्मोस अमेरिका की टॉम हॉक मिसाइल से लगभग दोगुनी तेजी से वार करने में सक्षम है।

Image Credit : ANI

रूस की एनपीओ मशीनोस्ट्रोयेनिया तथा भारत के रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) ने संयुक्त रूप से इसका विकास किया है। यह रूस की पी-800 ओंकिस क्रूज मिसाइल की प्रौद्योगिकी पर आधारित है।

Image Credit : ANI

4300 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली, 28 फुट लंबी और 3,000 किलो वजनी इस मिसाइल में 200 किलो तक के पारंपरिक और परमाणु हथियार लगाए जा सकते हैं। यह इलेक्ट्रॉनिक काउंटर सिस्टम से भी लैस है।
 

Image Credit : ANI

ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल की खासियत यह है कि इसे धरती, आसमान और जल कहीं से भी इसे दागा जा सकता है। यह अपनी तरह की दुनिया की सबसे तेज गति से दागी जाने वाली मिसाइल है। 

Image Credit : ANI

74 साल बाद मिले दो बिछड़े भाई

social media
Read Now