अमर उजाला
Mon, 17 February 2025
मोटर वाहन एक्ट 1988 के तहत एंबुलेंस को रास्त न देना अपराध है।
यह कानून इसलिए बनाया गया है ताकि किसी घायल व्यक्ति को तुरंत अस्पताल पहुंचाकर जान बचाई जा सके।
एंबुलेंस का रास्ता रोकने पर न केवल फाइन है, बल्कि इससे जेल भी हो सकती है।
अगर किसी व्यक्ति ने एंबुलेंस को रास्ता नहीं दिया तो उसपर 10,000 रुपये का चालान लगाया जा सकता है।
अगर यह गलती बार-बार दोरहाई गई तो 6 महीने की जेल भी हो सकती है।
एंबुलेंस को रास्ता देना न केवल जिम्मेदारी है बल्कि यह मानव कर्तव्य भी है।
Auto Care: बाइक को लो स्पीड में हाई गियर पर चलाने के नुकसान