विज्ञापन

तंत्र से लोक मांग रहा इंसाफ

Udham singh nagar Updated Fri, 28 Dec 2012 05:30 AM IST
विज्ञापन
ख़बर सुनें
रुद्रपुर। पहाड़ में आपदा से तबाह हुआ प्रताप का परिवार रोजी रोटी की तलाश में तराई में आ गया। मगर यहां भी इस परिवार को सिस्टम ने तबाह कर दिया। फैक्ट्री में काम के दौरान प्रताप के दोनों हाथ और पैर टूट गए। इसके बाद फैक्ट्री ने न तो काम पर रखा और न ही मुआवजा दिया। आपदा में दो बहनें, घर और जमीन खोने के जख्म भरे भी नहीं थे कि नई विपदाओं ने परिवार को और भी मुसीबत में डाल दिया। प्रताप अब फैक्ट्री और प्रशासन के खिलाफ मां के साथ धरने पर बैठा है। वह फैक्ट्री से मुआवजा और प्रशासन से जमीन मांग रहा है। ठंड में उनके धरने को महीनेभर होने को है मगर उनकी कोई नहीं सुन रहा है।
विज्ञापन
विदित हो कि बागेश्वर के ग्राम सुंदिल, पट्टी दोफाड़ निवासी प्रताप सिंह मेहता अपनी मां कौशल्या देवी के साथ तीन दिसंबर से कलक्ट्रेट परिसर पर धरने पर बैठे हैं। उनके स्वास्थ्य में गिरावट को देखते हुए 10 दिसंबर को मां-बेटे को जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। एक सप्ताह से अधिक समय भर्ती रहने के बाद 20 दिसंबर से मां-बेटे फिर से धरने पर बैठ गए। प्रताप ने बताया कि जुलाई 1993 में भीषण बरसात में उसके गांव सुंदिल में 12 नाली जमीन और मकान बह गया। इसमें उसकी दो बहनें, पांच भैंस और 20 बकरी भी मलबे में दबकर मर गई। वर्ष 2001 में उनका परिवार गूलरभोज आकर किराए पर रहने लगा। प्रताप ने बताया कि परिवार चलाने के लिए वह अगस्त 2010 में सिडकुल स्थित एक फैक्ट्री में नौकरी करने लगा। तीन माह बाद ही 25 नवंबर 2010 को काम के दौरान 15 फिट ऊंचाई से गिरने पर उसके दोनों हाथ और एक पैर फ्रेक्चर हो गया। एक महीने चले उपचार के बाद वह चलने फिरने लायक हो पाया। इसके बाद न तो कंपनी ने नौकरी पर रखा और न ही मुआवजा दिया। प्रताप का कहना है कि इस हादसे के बाद उससे भारी काम नहीं हो पाता है। भूमि आवंटन और फैक्ट्री से मुआवजे की मांग को लेकर प्रताप अपनी मां के साथ दिसंबर 2011 में भी कलक्ट्रेट पर धरने पर बैठा तब प्रशासन ने उन्हें जबरन उठा दिया था। प्रताप ने बताया कि केंद्रीय मंत्री हरीश रावत से लेकर अफसरों तक अपना दुखड़ा सुना चुका है। किसी ने उसके परिवार सुध नहीं ली। उसके परिवार में पिता नारायण सिंह और एक भाई है जबकि तीन बहनों की शादी हो गयी है।
बृहस्पतिवार को एसडीएम के निर्देश पर जिला चिकित्सालय के चिकित्सकों ने धरना स्थल पहुंचकर मां-बेटे का स्वास्थ्य का परीक्षण किया। उन्हें एसडीएम ने भी वार्ता के लिए बुलाया। प्रताप ने मांग पूरी होने तक धरना जारी रखने की बात कही।

भूमि आवंटन के लिए बागेश्वर जिला प्रशासन से सूचना मंगाने के लिए समय मांगा गया था। लेकिन धरना दे रहा परिवार तराई में ही जमीन देने की मांग पर अड़ा है। फिर भी स्थानीय प्रशासन हरसंभव प्रयास कर रहा है।
ईला गिरी, एसडीएमरुद्रपुर।

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला की खबरों को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन

Most Read

Bihar

पटना: 5वीं की छात्रा से प्रिंसिपल और क्लर्क ने 9 महीने तक किया रेप, गर्भवती होने पर हुआ खुलासा

बिहार के पटना में एक स्कूल के प्रिंसिपल और क्लर्क पांचवीं कक्षा में पढ़ने वाली एक छात्रा से 9 महीने तक बलात्कार करते रहे। इस दौरान वो गर्भवती भी हो गई, जिसके बाद मामले का खुलासा हुआ। 

20 सितंबर 2018

विज्ञापन

Related Videos

SHOCKING VIDEO: बिना चालक के दौड़ती हुई घोड़ा गाड़ी ने स्कूटर सवार को रौंदा

उत्तराखंड के उधमसिंह नगर में एक तेज रफ्तार घोड़ा गाड़ी ने एक स्कूटर सवार को बुरी तरह से रौंद डाला।

18 सितंबर 2018

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree