एक दशक बाद भी नहीं हो पाया विस्थापन

Tehri Updated Thu, 25 Oct 2012 12:00 PM IST
घनसाली (टिहरी)। भिलंगना प्रखंड के दैवीय आपदा की दृष्टि से अति संवेदनशील नौ गांव के ग्रामीणों का एक दशक बाद भी विस्थापन नहीं हो पाया है। जबकि भू-वैज्ञानिकों ने भी इन गांवों को खतरे में मानते हुए विस्थापन की संस्तुति की थी। जिला प्रशासन ने पांच सदस्यीय टीम का गठन कर आपदा प्रभावित गांवों का पुन: सर्वेक्षण के लिए 25 सितंबर का समय तय किया था। लेकिन अब तक टीम सर्वेक्षण को नही पहुंची है।
इंद्रोला, मेड, पिनस्वाड़, जमोलना, अगुंड़ा, मरवाडी, कोटी, ठेला गांव भूकंप और भूस्खलन से खतरे के जद में हैं। सरकार ने इन गांवों का भूगर्भीय सर्वे कराया था। जिसमें इन गांवों को अति संवेदनशील मानते हुए विस्थापन की संस्तुति की गई थी। शासन ने सर्वेक्षण के लिए फिर से भू-वैज्ञानिक, एसडीएम, तहसीलदार, वन रेंज अधिकारी और सहायक अभियंता लोनिवि की टीम गठित की थी। जिसे 25 सितंबर तक सर्वे की रिपोर्ट देनी थी। लेकिन स्थिति यह है कि यह टीम अब तक सर्वे के लिए गांवों में पहुंची ही नहीं। जिससे 844 परिवारों की 4927 जनसंख्या खतरे के साये में जीने को मजबूर है। भिलंगना प्रखंड वैसे भी दैवीय आपदा की दृष्टि से अति संवेदनशील है। वर्ष 2003 में अंगुडा में बादल फटने से 29 लोग जिंदा दफन हो गए थे। फिर भी प्रशासन ग्रामीणों की ओर आंखें मूंदे बैठा है।

विस्थापित होने वाले परिवार
इंद्रोला के 171
मेड 131
पिनस्वाड़ 117
कोटी 99
अगुंडा 96
जमोलना 84
मरवाडी 77
बडियारकुडा 46
ठेला 23।

इनका क्या है कहना-
लोकसभा उपचुनाव आचार संहिता और अधिकारियों की ड्यूटी चुनाव में लगी होने से सर्वे के लिए टीम नहीं पहुंच पाई है। इस मसले पर 30 अक्तूबर को बैठक होनी है। उसके बाद जल्द ही गांवों का पुन:सर्वे करवाकर रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी। -डा. रंजीत कुमार सिन्हा, जिलाधिकारी टिहरी

Spotlight

Most Read

Jharkhand

चारा घोटाले में लालू की नई मुसीबत, चाईबासा कोषागार मामले में आज आएगा फैसला

चारा घोटाला मामले में रांची की स्पेशल सीबीआई कोर्ट बुधवार को सुनवाई करेगी। स्पेशल कोर्ट जज एस एस प्रसाद इस मामले में फैसला देंगे।

24 जनवरी 2018

Related Videos

बीजेपी सरकार खतलिंग मेले को लेगी गोद: सतपाल महाराज

उत्तराखंड के पर्यटनमंत्री सतपाल महाराज ने मंगलवार को सात दिवसीय घुत्तु खतलिंग पर्यटन मेले का उद्घघाटन किया। घुत्तु खतलिंग पर्यटन मेले का आयोजन पिछले 34 वर्षों से किया जा रहा है।

5 अक्टूबर 2017

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper