विज्ञापन

चमचमाती सफेद वर्दी ने बनाया नौसेना का मुखिया

Nainital Updated Sat, 09 Jun 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
ख़बर सुनें
नैनीताल। नैनीताल में अयारपाटा स्थित नेवल आफिस के बगल में रहने वाले बालक देवेन्द्र को नेवी अधिकारियों की सफेद चमचमाती वर्दी बहुत आकर्षित करती थी। इसी से उन्हें नेवी में जाने की प्रेरणा मिली। हालांकि तब देवेन्द्र ने भी शायद ही सोचा हो कि एक दिन लोग उन्हें भारतीय नौसेना के मुखिया के रूप में जानेंगे और वे उत्तराखंड के युवाओं के लिए नेवी में भर्ती की राह आसान करेंगे। नेवी चीफ का कार्यभार ग्रहण करने के बाद उत्तराखंड में विशेष भर्ती अभियान चलाने के इच्छुक मिसाइल विशेषज्ञ वाइस एडमिरल डीके जोशी ने शुक्रवार को अमर उजाला से विशेष बातचीत के दौरान यह बात कही।
विज्ञापन
फोन पर हुई बातचीत में उन्होंने कहा कि भारतीय नौसेना को लेकर उत्तराखंड के युवाओं में काफी उत्साह देखने को मिल रहा है। आज सेना में अनेक आफिसर व कर्मी कुमाऊं के विभिन्न जिलों से हैं। आने वाले समय में उत्तराखंड के युवाओं के लिए सेना में अतिरिक्त रूप से भर्ती प्रक्रिया पर विचार किया जाएगा। एडमिरल जोशी 31अगस्त 2012 को नौसेना प्रमुख का चार्ज संभालेंगे। उन्होेंने कहा कि उनकी दिली इच्छा है कि नौसेना में उत्तराखंड के जवान ऊंचे मुकाम पर पहुंचें। नैनीताल का नाम सुनते ही उन्होंने कहा कि उनका सरोवर नगरी से गहरा ताल्लुक है।
उन्होंने राजकीय इंटर कालेज नैनीताल से 12वीं की पढ़ाई की थी। 1971 के दौरान वह मल्लीताल स्थित अयारपाटा में थैनेट विला व पोप्स विला में रहे थे। नेवी एनसीसी आफिस के निकट घर होने के कारण वह अधिकारियों को सफेद चमचमाती वर्दी में देखते थे। यहीं से उनके मन में भी उस वर्दी को पहनने का ख्वाब जगा। उनका विद्यालय जीआईसी तब डीएसबी कैंपस के बाटनी विभाग में होता था। उनके अधिकतर मित्र डाक्टर या इंजीनियर बनना चाहते थे। पर वे तो नेवी में जाने की ठान चुके थे। एडमिरल जोशी ने बताया कि आज भी फुरसत मिलते ही वह सीधे नैनीताल आने की सोचते हैं। अभी दो माह पूर्व अप्रैल में ही वे नैनीताल आए थे। यहां पुरानी यादें ताजा करने के लिए उन्होंने तल्लीताल फांसी गधेरे से लेकर डीएसबी कैंपस व अयारपाटा क्षेत्र का पैदल भ्रमण किया। अपने 38 वर्षाें के कार्यकाल में वे नौसेना के डिप्टी चीफ, कमांडर इन चीफ व इंटीग्रेटेड डिफेंस स्टाफ प्रमुख समेत अनेक जिम्मेदारियां संभाल चुके हैं। वह गाइडेड मिसाइल लड़ाकू जलपोत कु ठार, डिस्ट्रायर मिसाइल रनवीर के कमांडेट आफिसर रह चुके हैं। उन्होंने कहा कि पहले नौसेना में भर्ती के दौरान अधिकतर जवान मैदानी इलाकों से होते थे मगर अब उत्तराखंड के जवानों की भी नौसेना में अधिक संख्या में भागीदारी हो रही है। अपने कार्यकाल के दौरान उत्तराखंड के जवानों के लिए अतिरिक्त भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से उत्तराखंड वासियों को तोहफा देंगे।

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला की खबरों को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन

Most Read

Rajasthan

नितिन गडकरी का 'निजी सचिव' बनकर मेयर से मांगे 12 करोड़ रुपये, गिरफ्तार

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का निजी सचिव बताकर फर्जीवाड़ा करने वाला एक शख्स जयपुर में पकड़ा गया है। मंगलवार को वह एक सफाई कंपनी का 12 करोड़ रुपया बकाया दिलाने जयपुर के मेयर अशोक लाहोटी के पास पहुंचा था।

20 सितंबर 2018

विज्ञापन

Related Videos

बंद होंगे यहां के 150 सरकारी स्कूल

उत्तराखंड सरकार ने स्कूलों के लिए एक बड़ा फैसला किया है। सरकार 150 प्राथमिक स्कूलों को बंद करने जा रही है। ऐसे स्कूल जिनमें बच्चों की संख्या 1 से 10 हैं उन्हें या तो बंद किया जाएगा या फिर समायोजित किया जाएगा।

18 सितंबर 2018

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree