महापंचायत के बाद 225 किसानों की गिरफ्तारी

Haridwar Updated Sat, 25 Aug 2012 12:00 PM IST
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रुड़की। गन्ने का बकाया न देने पर आखिर क्षेत्र के किसानों को गुस्सा फूट पड़ा। शुक्रवार को सैकड़ों किसान ट्रैक्टर ट्रालियों से हाईवे होते हुए तहसील पहुंचे। जहां इन्होंने महापंचायत कर सरकार और जिला प्रशासन को जमकर कोसा। इस दौरान पुलिस ने विधायक मदन कौशिक समेत 225 किसानों को जबरन गिरफ्तार कर कोतवाली ले आई। कोतवाली में चली तीन घंटे की जद्दोजहद के बाद डीएम ने शाम करीब साढ़े छह बजे पांच करोड़ रुपये जारी करने और 15 सितंबर तक समस्त भुगतान कराने का आश्वासन दिया। इस बीच हाईवे पर करीब दो घंटे तक जाम भी लगा रहा।
उत्तराखंड किसान मोर्चा का गन्ना भुगतान कराए जाने सहित कई मांग को लेकर विगत 15 दिनों से चल रहा अनिश्चिकालीन धरना शुक्रवार को महारैली और महापंचायत में तब्दील हो गया। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम केे तहत शुक्रवार सुबह करीब दस बजे सैकड़ों ट्रैक्टर ट्रालियों पर सवार किसान बोट क्लब पहुंचे। यहां से किसान महारैली के रूप में चंद्रशेखर चौक से सिविल लाइंस होते हुए तहसील परिसर पहुंचे। हाईवे से तहसील पहुंचते ही कार्यक्रम महापंचायत में तब्दील हो गया। इस दौरान भाजपा की ओर से पूर्व गन्ना मंत्री मदन कौशिक, रानीपुर विधायक आदेश चौहान ने भी तहसील पहुंचकर किसानों को समर्थन दिया। महापंचायत को संबोधित करते हुए उकिमो के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी गुलशन रोड, महासचिव राकेश अग्रवाल ने गन्ना मिल, पुलिस प्रशासन एवं राज्य सरकार पर जमकर प्रहार किए। कहा कि मिलीभगत से किसानों का पैसा न देकर उनका शोषण किया जा रहा है। किसानों की महापंचायत के दौरान भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद रहा। करीब डेढ़ घंटे के भाषण के दौरान पुलिस ने 225 किसानों को जबरन गिरफ्तार किया और बसों में बैठाकर कोतवाली लाया। यहां भी किसानों को गतिरोध जारी रहा। इसके बाद जिलाधिकारी सचिन कुर्वे ने उकिमो पदाधिकारी एवं पूर्व मंत्री मदन कौशिक से फोन पर वार्ता कर गन्ना भुगतान कराने का आश्वासन दिया। लेकिन, किसान मानने के लिए तैयार नहीं हुए। इसके बाद डीएम ने तत्काल पांच करोड़ रुपये जारी करने एवं 15 सितंबर तक समस्त भुगतान कराने का आश्वासन दिया। तब जाकर किसान शांत हुए और धरना समाप्ति की घोषणा की। इस दौरान डीसीबी के पूर्व चेयरमैन सुशील त्यागी, पूर्व दर्जाधारी श्यामवीर सिंह सैनी, मास्टर नागेंद्र, धर्मपाल सिंह, सेठपाल सिंह, महक सिंह, संजीव चौधरी सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे।
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दो मिलों पर 37 करोड़ बकाया
रुड़की। उत्तराखंड किसान मोर्चा के राष्ट्रीय महासचिव राकेश अग्रवाल ने बताया कि क्षेत्र के गन्ना किसानों का मिलों पर 37 करोड़ रुपया बकाया चल रहा है। जिसमें इकबालपुर शुगर मिल पर 15 करोड़ और उत्तम शुगर मिल पर 22 करोड़ रुपये का बकाया है।
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भुगतान न करने पर 16 से फिर संघर्ष
रुड़की। जिलाधिकारी ने किसानों से 15 सितंबर तक समस्त गन्ना भुगतान कराने का वादा तो कर लिया है। लेकिन यदि ऐसा नहीं होता है तो प्रशासन को फिर से बड़ा आंदोलन झेलना पड़ सकता है। उकिमो पदाधिकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि 15 सितंबर की शाम तक भुगतान नहीं होता है कि 16 सितंबर से वृहद आंदोलन छेड़ दिया जाएगा। जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
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रैली के रेले से शहर एवं हाईवे रहा जाम
रुड़की। उत्तराखंड किसान मोर्चा की ओर से निकाली गई महारैली से एकबारगी पूरा शहर जाम हो गया। यही नहीं दिल्ली-हरिद्वार राष्ट्रीय राजमार्ग पर काफी देर तक जाम की स्थिति बनी रही। रैली में शामिल हुए नारसन, झबरेड़ा, भगवानपुर, इकबालपुर, मंगलौर सहित विभिन्न गांवों के किसानों ने ट्रैक्टर ट्रालियों से पहुंचकर अपनी ताकत का बखूबी अहसास कराया।

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