घर-घर में बिक रही अवैध शराब

Haridwar Updated Mon, 30 Jul 2012 12:00 PM IST
चुड़ियाला। क्षेत्र में शराब की अवैध बिक्री थम नहीं रही है। देशी ही नहीं, बल्कि कच्ची शराब बनाने का गोरखधंधा भी गांव-गांव में खूब फलफूल रहा है। जिससे बच्चे से लेकर बड़े तक नशे के आदी हो रहे हैं। घर-घर बिक रही अवैध शराब से चिंतित बाल्लूपूर के ग्रामीणों ने पुलिस से शिकायत कर माफिया के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
चुड़ियाला क्षेत्र के गांव-गांव में अवैध शराब की बिक्री के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। क्षेत्र के महेश्वरी, भलस्वागाज, बिनारसी और खुद चुड़ियाला गांव में अवैध शराब का धंधा खूब फलफूल रहा है। कारोबारी देशी ठेकों से शराब लाकर गांवों में बेच रहे हैं। मोटरसाइकिल के जरिए पैकारी करने वाले घर-घर शराब पहुंचा रहे हैं। माफिया का सीधा संपर्क ठेकों पर रहता है, जहां से एक फोन पर शराब गांव पहुंचाई जाती है। इसके अलावा गांवों में कच्ची शराब की भट्टियां भी खूब धधक रही हैं। बाल्लूपूर गांव में कच्ची और देशी शराब की बिक्री से चिंतित पूर्व प्रधान बबली, डा. महेंद्र, संजय, सचिन, महावीर आदि ने इसकी शिकायत झबरेड़ा थाना पुलिस से की है। पुलिस को दी गई तहरीर में इन्होंने कुछ लोगों के नाम उजागर करते हुए कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है शराब के अवैध कारोबार से गांव की आबोहवा खराब हो रही है। बच्चा-बच्चा शराब का आदी हो रहा है। दिहाड़ी मजदूरी करने वाले लोग दिनभर की कमाई शराब में उड़ा रहे हैं। जिससे घर-घर में लड़ाई-झगड़ों से गांव का माहौल बिगड़ रहा है। थानाध्यक्ष ने जांच कर उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।

Spotlight

Most Read

Pilibhit

पारवलूम इकाइयों के खिलाफ कार्रवाई की मांग

पारवलूम इकाइयों के खिलाफ कार्रवाई की मांग

21 जनवरी 2018

Related Videos

हरिद्वार जिला जेल से मिली ये जानकारी आपको चौंका देगी

उत्तराखंड से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। दरअसल हरिद्वार जिला जेल में 16 कैदी एचआईवी पॉजिटिव पाए गए हैं।

24 दिसंबर 2017

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper