फिर कैमरे में कैद हुआ स्नो लेपर्ड

Chamoli Updated Sun, 02 Dec 2012 05:30 AM IST
गोपेश्वर। वर्षभर हिमालय की गोद में विचरण करने वाले हिम तेंदुए (स्नो लेपर्ड) की छवि लगातार तीसरी बार नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क प्रभाग के कैमरे में कैद हुई है। इससे हिमालय क्षेत्र में चार से पांच स्नो लेपर्ड मौजूद होने की संभावना है। विंटर सीजन शुरू होने के चलते केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग ने भी स्नो लेपर्ड का ठिकाना ढूंढने के लिए लंबी दूरी की गश्त बढ़ा दी है।
गत वर्ष केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग के ऊखीमठ रेंज में वन कर्मियों को स्नो तेंदुए के पद चिन्ह भी मिले थे। इससे पूर्व वर्ष 1985 में बदरीनाथ वन प्रभाग के अंतर्गत जोशीमठ के उच्च क्षेत्र में हिम तेंदुए को देखा गया था। इसी दौरान सौखर्क में वनस्पतियों पर रिसर्च कर रहे एक विदेशी छात्र को हिम तेंदुए के दर्शन हुए। नंदा देवी बायोस्फियर रिजर्व जोशीमठ द्वारा वर्ष 2004 में की गई स्तनधारी प्रजातियों की गणना के अनुसार हिमालय क्षेत्र में कुल चार से पांच हिम तेंदुओं का अप्रत्यक्ष प्रमाण मिला है।

हिमाच्छादित क्षेत्रों में ही रहता है स्नो लेपर्ड
करीब तीन फिट तीन इंच की ऊंचाई वाले हिम तेंदुए 3500 मीटर उच्च हिमालयी क्षेत्रों में ही रहते हैं। यह भरड़, कस्तूरा मृग, थार जैसे वन्य जीव के शिकार के लिए निचले क्षेत्रो में आते हैं। इसके संपूर्ण बदन पर सफेद और काले धब्बे होते हैं। स्नो लेपर्ड तीन माह में प्रजनन करता है। एक बार में इसके दो से चार बच्चे होते हैं।

वर्ष 2010 में मलारी और इसके पश्चात जोशीमठ के फरकिया गांव में स्नो लेपर्ड की छवि कैद की जा चुकी है। इस बार नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क की सीमा दरासी में लगे सीसीटीवी कैमरे में स्नो लेपर्ड को कैद किया गया है। यह हमारे लिए शुभ संकेत है।
-बीके गांगटे, निदेशक, नंदा देवी बायोस्फियर रिजर्व, गोपेश्वर।

हमें गत वर्ष केदारनाथ क्षेत्र में स्नो लेपर्ड के पद चिह्न मिले थे। इस वर्ष उच्च हिमालयी क्षेत्रों में लंबी दूरी की गश्त लगाई जा रही है। स्नो लेपर्ड का ठिकाना ढूंढने का कार्य शुरू कर दिया गया है।
डीके सिंह, डीएफओ, केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग, गोपेश्वर।

Spotlight

Most Read

Kanpur

बाइकवालाें काे भी देना हाेगा टोल टैक्स, सरकार वसूलेगी 285 रुपये

अगर अाप बाइक पर बैठकर आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर फर्राटा भरने की साेच रहे हैं ताे सरकार ने अापकी जेब काे भारी चपत लगाने की तैयारी कर ली है। आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर चलने के लिए सभी वाहनों को टोल टैक्स अदा करना होगा।

17 जनवरी 2018

Related Videos

बर्फबारी के बीच बद्रीनाथ के कपाट छह महीने के लिए हुए बंद

बद्रीनाथ में बर्फबारी के बीच बद्रीनाथ के कपाट छह महीने के लिए बंद हो गए। यहां हुई बर्फबारी का असर मैदानी इलाके में भी देखने को मिला। इस बर्फबारी से तापमान में गिरावट आ गई है।

19 नवंबर 2017

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper