पीने के पानी को तरस रहे लोग

Chamoli Updated Tue, 20 Nov 2012 12:00 PM IST
कर्णप्रयाग। क्षेत्र में बरसात में जहां लोगों को दूषित पानी पीना पड़ा, वहीं अब अनियमित जलापूर्ति से लोगों को पानी की बूंद-बूंद के लिए तरसना पड़ रहा है। वहीं जगह-जगह लीकेज से सड़क पर पानी भर गया है, जिससे लोगों को आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
जलसंस्थान की पेयजल लाइनें वर्तमान में नगर क्षेत्र में प्रतिदिन 450 एलपीएम पानी दे रही है, जबकि जरूरत 600 एलपीएम से भी अधिक है। वहीं लीकेज से अनुमानित प्रतिदिन दो सौ लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। विभागीय मानक पर गौर करें तो ग्रामीण क्षेत्र में प्रतिदिन एक व्यक्ति के लिए 40-70 तथा शहर या कस्बे में 135 लीटर आपूर्ति जरूरी है, लेकिन यहां स्थिति यह है कि कई घरों को मानक तो दूर उसके आधे पर भी पानी नहीं मिल पा रहा है।

जलसंस्थान की लापरवाही से नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति बदहाल बनी हुई है। गांवों में क्षतिग्रस्त योजनाओं की मरम्मत नहीं हो रही है, जबकि नगर में सभी रास्तों एवं सड़क पर लीकेज से अनियमित सप्लाई के साथ फिसलने का खतरा बना है।
- रमेश मैखुरी, स्थानीय निवासी

ग्रामीण क्षेत्रों की दो दर्जन एवं नगर क्षेत्र में दो पेयजल योजनाएं क्षतिग्रस्त हुई हैं, जिनकी मरम्मत के लिए इस्टीमेट उच्चाधिकारियों को भेज दिए गए हैं। लीकेज को ठीक कर उपभोक्ताओं को नियमित सप्लाई के प्रयास किए जा रहे हैं।
- पीके पांडे सहायक अभियंता

41 लाख की पेयजल योजना क्षतिग्रस्त
ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर जलसंस्थान की वर्ष 2010 में निर्मित 41 लाख की खड़ीखाण-चटवापीपल एवं खड़ीखाण-देवतोली पेयजल योजनाओं पर निर्माण के बाद से सिर्फ चार-पांच माह ही पानी चल पाया है। दो सालों में अधिकांश समय से ही ये योजनाएं क्षतिग्रस्त पड़ी हैं।

लीकेज से हो रहा सौ लीटर पानी बरबाद
कर्णप्रयाग नगर को पेयजल सप्लाई करने वाली घटगाड़ पेयजल योजना पर जीजीआईसी के समीप लीकेज लंबे समय से ठीक नहीं हो पाया है। वहीं कर्णप्रयाग-नैनीताल मार्ग पर सांकरी, सुभाष नगर में आधा दर्जन स्थानों पर लाइन से हो रहे लीकेज से एक सप्ताह से प्रतिदिन कई सौ लीटर पानी बह रहा है।

Spotlight

Most Read

Lucknow

यूपी में फिर शुरू हुई डीजीपी की रेस, ओपी सिंह को केंद्र ने नहीं किया रिलीव

उत्तर प्रदेश के नए डीजीपी के लिए अभी और इंतजार करना पड़ सकता है।

19 जनवरी 2018

Related Videos

बर्फबारी के बीच बद्रीनाथ के कपाट छह महीने के लिए हुए बंद

बद्रीनाथ में बर्फबारी के बीच बद्रीनाथ के कपाट छह महीने के लिए बंद हो गए। यहां हुई बर्फबारी का असर मैदानी इलाके में भी देखने को मिला। इस बर्फबारी से तापमान में गिरावट आ गई है।

19 नवंबर 2017

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper