क्षतिग्रस्त भवनों में पढ़ रहे बच्चे

Chamoli Updated Tue, 30 Oct 2012 12:00 PM IST
घाट/जोशीमठ। घाट और जोशीमठ प्रखंडों के अंतर्गत कई विद्यालयों के भवन वर्षों से निर्माणाधीन पडे़ हुए हैं, जिससे छात्र-छात्राओं को पुराने और क्षतिग्रस्त भवनों में पढ़ाई करनी पड़ रही है।
घाट प्रखंड में स्पेशल कंपोनेंट प्लान के तहत वर्ष 2006 से निर्माणाधीन जीआईसी बूरा का भवन अभी तक बनकर तैयार नहीं हो पाया है। इसका निर्माण कार्य यूपी निर्माण निगम श्रीनगर के पास है। भवन निर्माण में अभी तक एक करोड़ 64 लाख की धनराशि भी खर्च हो चुकी है, लेकिन विभागीय अधिकारियों की लापरवाही के चलते भवन निर्माण कार्य आधा-अधूरा पड़ा हुआ है। जीआईसी बैरासकुंड में 93 लाख रुपये खर्च होने के बावजूद भवन निर्माण कार्य अधूरा पड़ा हुआ है। जीआईसी मोख का भवन निर्माण भी पिछले तीन सालों से निर्माणाधीन है।
ग्राम प्रधान बूरा हीरा सिंह, बीडीसी सदस्य मोहन सिंह पंवार, मोहन सिंह का कहना है कि डीएम से लेकर शिक्षाधिकारी से भवनों के निर्माण कार्य को पूर्ण करने की मांग उठाई गई, लेकिन सभी भवनों का कार्य आधा-अधूरा पड़ा हुआ है।

कार्यदायी संस्था को विद्यालय भवनों के पूर्ण निर्माण के निर्देश दिए गए हैं। कई जगहों पर इस्टीमेट के मुताबिक हमें धनराशि उपलब्ध नहीं हो पाई है, जिससे निर्माण कार्य में देरी हो रही है। पूर्व में जिलाधिकारी से इस संबंध में अवगत करा दिया गया था।
-भूपेंद्र सिंह, मुख्य जिला शिक्षाधिकारी, चमोली

Spotlight

Most Read

National

पुरुष के वेश में करती थी लूटपाट, गिरफ्तारी के बाद सुलझे नौ मामले

महिला लड़कों के ड्रेस में लूटपाट को अंजाम देती थी। अपने चेहरे को ढंकने के लिए वह मुंह पर कपड़ा बांधती थी और फिर गॉगल्स लगा लेती थी।

20 जनवरी 2018

Related Videos

बर्फबारी के बीच बद्रीनाथ के कपाट छह महीने के लिए हुए बंद

बद्रीनाथ में बर्फबारी के बीच बद्रीनाथ के कपाट छह महीने के लिए बंद हो गए। यहां हुई बर्फबारी का असर मैदानी इलाके में भी देखने को मिला। इस बर्फबारी से तापमान में गिरावट आ गई है।

19 नवंबर 2017

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper