वाराणसी: बरेका और आरडीएसओ ने विकसित किया ईओटीटी, जानें भारतीय रेल को किस तरह मिलेगी इससे मदद

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Wed, 04 Aug 2021 11:01 PM IST

सार

बरेका और लखनऊ आरडीएसओ ने रेल परिचालन में ईओटीटी तकनीक को विकसित किया है। सफल परीक्षण के बाद मालगाड़ियों के परिचालन में उपयोग किया जाएगा।
विकसित किया गया ईओटीटी।
विकसित किया गया ईओटीटी। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
ख़बर सुनें

विस्तार

भारतीय रेल ने बुधवार को रेल परिचालन को अत्याधुनिक करने की दिशा में एक नया उपकरण ईओटीटी (एंड आफ ट्रेन टेलीमेट्री) विकसित किया है। यह उपकरण बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) और लखनऊ के आरडीएसओ द्वारा संयुक्त प्रयास से विकसित किया गया है। यह उपकरण अत्याधुनिक होने के साथ मानवरहित और वायरलेस तकनीकी युक्त है।
विज्ञापन


इस उपकरण को सर्वप्रथम विद्युत मालगाड़ी रेल इंजन नंबर 32266 में लगाया गया है। सफलतापूर्वक परीक्षण के बाद इस तकनीक का प्रयोग मालगाड़ियों के परिचालन में किया जाएगा।


ईओटीटी उपकरण के दो हिस्से होते हैं। एक हिस्से को कैब यूनिट (सीयू) कहते हैं, जिसे लोकोमोटिव के भीतर कैब में लोको पायलट के पास लगाया जाता है। दूसरा हिस्सा जिसको रियर यूनिट (आरयू) कहते हैं, जिसे आखरी वैगन में लगाई जाती है।

दोनों यूनिट आपस में रेडियो वायरलेस तकनीकी के द्वारा लिंक रहते हैं। जिससे गार्ड द्वारा संचालित सारे कार्यों का लेखा-जोखा ड्राइवर और परिचालन केंद्र को लगातार प्राप्त होता रहता है। यह तकनीकी किफायती और विश्वसनीय है। साथ ही विश्व में कई रेल नेटवर्कों में प्रयोग की जाती है।
विज्ञापन

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00