विंध्य शृंखला के ऐतिहासिक संग्रहालयों में तोड़फोड़

Varanasi Updated Mon, 17 Dec 2012 05:30 AM IST
वाराणसी। विंध्य शृंखला में लाखों की लागत से स्थापित पुरातात्विक महत्व के तीन प्रमुख संग्रहालयों के क्षतिग्रस्त होने से सरकारी अमले में हड़कंप मच गया है। नक्सल प्रभावित सोनभद्र और मिर्जापुर जिलों में इन संग्रहालयों की स्थापना तीन साल पहले दुर्लभ मूर्तियों और कला अवशेषों के संरक्षण के लिए हुई थी। संग्रहालयों में तोड़फोड़ कब और किन वजहों से हुई, इसकी जांच होगी। जानकारी मिलते ही वाराणसी के क्षेत्रीय पुरातत्व अधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र यादव ने क्षतिग्रस्त तीनों संग्रहालयों का मुआयना कर नुकसान का आकलन कराया। महकमा त्वरित कदम उठाने के मूड में है ताकि जल्द मरम्मत कराई जा सके।
सोनभद्र के मऊकला, शिवद्वार और मिर्जापुर के हलिया में वर्ष 2009-10 में स्थापित संग्रहालयों में तोड़फोड़ की जानकारी आसपास के नागरिकों के जरिये ही प्रशासन तक पहुंची। संग्रहालयों के दरवाजे-खिड़कियों के शीशे चूर कर दिए गए हैं। हालांकि जालीदार दीर्घा लगी होने से मूर्तियों को क्षति नहीं पहुंची, लेकिन बाहरी हिस्से पर पत्थर या दूसरी वजनदार वस्तुओं के प्रहार से पुरातत्व विभाग को लाखों के नुकसान से इनकार नहीं किया जा सकता। आश्चर्य की बात यह है कि सुदूर पठारी इलाके में खोले गए संग्रहालयों की निगरानी के लिए विभाग की ओर से एक भी कर्मी की तैनाती जरूरी नहीं समझी गई। अलबत्ता तीन-तीन होमगार्डों को 24 घंटे में आठ-आठ घंटे के रोटेशन पर देखरेख के लिए लगाया जाता रहा है। पता चला है कि होमगार्ड कागज पर तो तैनात हैं लेकिन मौके पर जाते ही नहीं। पुरातत्व विभाग की मिली जानकारी के अनुसार तीनों संग्रहालयों में छठवीं-सातवीं शताब्दी से लेकर 12वीं-13वीं शताब्दी तक की हिंदू और जैन धर्म से संबंधित करीब तीन सौ से अधिक मूर्तियां और मंदिरों के कलात्मक अवशेष संरक्षित हैं। इनमें नंदी, उमा-माहेश्वर, दुर्गा, सप्तमात्रिका के अलावा जैन प्रतिमाएं शामिल हैं।

कोट
मऊ कला, शिवद्वार और हलिया के संग्रहालय कैसे क्षतिग्रस्त हुए, इसका पता लगाया जा रहा है। दरवाजे-खिड़कियों के शीशे क्षतिग्रस्त मिले हैं। मरम्मत कराने के बाद रख-रखाव के ठोस कदम उठाए जाएंगे।-डॉ. सुभाष चंद्र यादव, क्षेत्रीय पुरातत्व अधिकारी वाराणसी।

Spotlight

Most Read

Hapur

अब जिले में नहीं कटेंगे बूढ़े हो चुके फलदार वृक्ष

अब जिले में नहीं कटेंगे बूढ़े हो चुके फलदार वृक्ष

22 जनवरी 2018

Related Videos

परिवारवालों को था घर पर इंतजार लेकिन पहुंचा झंडे में लिपटा जवान का शव

बॉर्डर पर पाक लगातार नापाक हरकतें कर रहा है। पाक की तरफ से लगातार सीजफायर का उल्लंघन हो रहा है। इस दौरान कई जवान शहीद हो गए। शहीद होने वालों में एक चंदौली का जबाज भी था। जबाज सैनिक 15 फरवरी को घर आना था।

22 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper