दुनिया में बेजोड़ है संतों की नगरी काशी

Varanasi Updated Thu, 20 Sep 2012 12:00 PM IST
वाराणसी। काशी में श्रद्धालुओं का सैलाब देख संत आसाराम बापू भावुक हो गए। उन्होंने सर्वविद्या की राजधानी को संत परंपरा की सबसे महान नगरी बताया। कहा कि जो राम नहीं कर सकते वह काम काशी के बाबा कीनाराम की कृपा हो जाए तो पूरा होने में देर नहीं लगती। तैलंग स्वामी और देवरहा बाबा जैसे संतों की नगरी का उन्होंने मुक्त कंठ से बखान किया।
डीएवी डिग्री कालेज के मैदान में बुधवार को बापू ने मंत्र शक्ति को भारतीय संस्कृति की अचूक ताकत करार दिया। कहा कि मंत्र के बल पर रोग-ब्याधि-विकार तो दूर होते ही हैं, ईश्वर से भी मिलन हो सकता है। बापू ने जीव-परमात्मा, माया-अहंकार और सुख-दुख पर रोशनी डाली। कहा कि जो आपको छोड़ न सके उसका नाम है परमात्मा। जिसको आप रख न सकें वही माया है। लोग न बचपन बचा पाते हैं न जवानी। दुख- सुख पर भी काबू नहीं रख पाते। कहा कि भगवान अमंगल नहीं करते। वह जीव को मंझधार में छोड़ नहीं सकते। हाल में हुए हेलीकाप्टर हादसे में खुद की सलामती को भी बापू ने मंत्र शक्ति का उदाहरण बताया। कहा कि जितने लोग थे, किसी का बाल बांका नहीं हुआ। हेलीकाप्टर में आग लग गई थी, पेट्रोल बह रहा था लेकिन आग बुझी कैसे? इसे लेकर वायुसेना के अफसर भी चकित हैं। उनका कहना था कि भगवान कृष्ण ने कृपा करके युद्ध के मैदान में ज्ञान दिया था तो वे भक्तों के बीच कुछ छिपा नहीं सकते। गुरु की सेवा यही है कि वह जो देना चाहे उसे ले लो। प्रवचन के बाद सुनहरा ताज धारण किए बापू आश्रम के बच्चों की बनाई रेल से भक्तों के बीच तुलसी की टाफी लुटाते हुए पहुंचे। सायरन बजाती ट्रेन के पीछे भीड़ उमड़ रही थी। प्रवचन के दौरान आशीर्वाद लेने के लिए उमड़े अनुयायियों को उन्होंने देशकाल के उदाहरणों से हंसाया भी और नसीहत भी दी। भजनों के बोल पर बापू थिरके तो बच्चे-महिलाएं सभी झूम उठे।

संत के बोल
दुनिया में गीता के समान कोई ग्रंथ नहीं।
घर से निकलते समय गीता के 18वें अध्याय का आखिरी श्लोक पढ़कर निकलें।
किसी भी पार्टी के नेता विकास का भाषण कितना भी दें लेकिन रावण की तरह प्रजा को सोने के मकान नहीं दे सकते।

इनसेट
सोना बनाते थे देवरहा बाबा
वाराणसी। संत आसाराम बापू ने काशी के संतों की महिमा भी बताई। संत तुलसीदास के समय के एक प्रसंग का उन्होंने उदाहरण दिया। बताया कि तब के नगर सेठ को संतान नहीं हो रही थी। उसने तुलसी दास से उपाय पूछा तो उन्होंने त्रयोदशी को बुलाया। जब वह उस तिथि पर तुलसी दास के पास पहुंचा तो उन्होंने बताया कि भगवान राम का स्मरण करने पर पता चला है कि अगले 10 जनम तक उसके भाग्य में संतान नहीं है। वह निराश लौट रहा ता तभी एक दूधहरे ने सेठ को बाबा कीनाराम के यहां जाने की सलाह दी। चेताया कि संत से मांगना मत। सिर्फ उन्हें देखते रहना। कभी मौज में आएं तो अपनी समस्या कह देना। बाबा कीनाराम ने एक दिन आश्रम पहुंचे सेठ के हाथ की 10 पूडि़यां खाईं और उसे संतान होने का आशीर्वाद दे दिया। कहा कि भगवान तो कर्म और भाग्य के अनुसार देते हैं लेकिन संत छलांग मारकर दे देते हैं। बापू ने बताया कि अस्सी घाट के सामने बजड़े पर साधना करने वाले देवरहा बाबा सोना बनाते थे। एक शिष्य को यह दीक्षा उन्होंने दी थी। तब के कलेक्टर ने इसका परीक्षण भी कराया था। जार्ज पंचम ने देवरहा बाबा के शिष्य को यूरोप बुलाया था लेकिन वह गए नहीं ।

Spotlight

Most Read

Kanpur

बाइकवालाें काे भी देना हाेगा टोल टैक्स, सरकार वसूलेगी 285 रुपये

अगर अाप बाइक पर बैठकर आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर फर्राटा भरने की साेच रहे हैं ताे सरकार ने अापकी जेब काे भारी चपत लगाने की तैयारी कर ली है। आगरा - लखनऊ एक्सप्रेस वे पर चलने के लिए सभी वाहनों को टोल टैक्स अदा करना होगा।

17 जनवरी 2018

Related Videos

बीजेपी विधायक के बिगड़े बोल, कहा देश में बेहद कम मुसलमान देशभक्त

सत्ता सुख मिलने के बाद यूपी बीजेपी का कोई न कोई नेता लगातार विवादित बयान दे रहा है। अब बलिया से बीजेपी के विधायक सुरेंद्र सिंह ने कहा है कि देश के ज्यादातर मुसलमान देशभक्त नहीं है। वो खाते भारत का हैं, और चिंता पाकिस्तान की करते हैं।

15 जनवरी 2018

आज का मुद्दा
View more polls
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper