यूजीसी की तर्ज पर हो माध्यमिक अनुदान आयोग का गठन

Varanasi Updated Wed, 20 Jun 2012 12:00 PM IST
वाराणसी। माध्यमिक शिक्षा को और मजबूत करने के लिए विश्वविद्यालय अनुदान आयोग की तर्ज पर माध्यमिक अनुदान आयोग का गठन भी आवश्यक है क्योंकि राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान की सफलता के लिए यह जरूरी है। साथ ही मिडिल स्कूलों को उच्चीकृत कर दसवीं तक का दर्जा दिया जा रहा है। ऐसे में संसाधनों को बढ़ाने की जरूरत है। संसाधनों को समृद्ध किए बिना माध्यमिक शिक्षा की गुणवत्ता को बनाए रखना मुश्किल है। यह कहना है शिक्षक विधायक चेतनारायण सिंह का। शिक्षक विधायक मंगलवार को पराड़कर भवन में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि तदर्थ शिक्षकों के विनियमितीकरण के लिए मुख्यमंत्री से दो बार वार्ता हो चुकी है। उन्होंने भरोसा दिलाया है कि जल्द ही इस पर निर्णय लिया जाएगा। प्रदेश में साढ़े दस हजार ऐसे शिक्षक हैं। उन्होंने कहा कि वित्तविहीन विद्यालयों में कार्यरत साढ़े तीन लाख शिक्षकों एवं कर्मचारियों के लिए 3.5 हजार करोड़ रुपये की व्यवस्था कर ली गई है जबकि इसके लिए सालाना लगभग छह हजार करोड़ की आवश्यकता होगी। इसके अलावा मूल्यांकन में पारिश्रमिक बढ़ाने की भी मांग की गई है। इस मौके पर एके श्रीवास्तव, जेपी राय, दिनेश सिंह उपस्थित थे।

Spotlight

Most Read

Rohtak

सीएम को भेजा पत्र

सीएम को भेजा पत्र

23 जनवरी 2018

Rohtak

एमटीएफसी

23 जनवरी 2018

Related Videos

VIDEO: काशी यात्रा की म्यूजिकल नाइट में जमकर थिरके छात्र

IIT BHU में चल रहे सांस्कृतिक महोत्सव काशी यात्रा की म्यूजिकल नाइट में स्टूडेंट्स ने जमकर मस्ती की। म्यूजिकल नाइट में संगीतकार और गायक अमित त्रिवेदी के गीतों पर सभी स्टूडेंट्स झूमते नजर आए।

23 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper