उन्नाव गैस एजेंसी पर फिर छापा

Unnao Updated Fri, 08 Jun 2012 12:00 PM IST
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उन्नाव। एक सप्ताह के भीतर दूसरी बार नायब तहसीलदार ने उन्नाव गैस एजेंसी (इंडेन) पर छापा मारा। उन्होंने होम व स्पाट डिलीवरी के कागज जांचे गए। नायाब तहसीलदार ने कंप्यूटर पर बैठकर रिकार्डों खंगाले। कई बिंदुओं पर कार्यालय कर्मियों से पूछताछ की। उन्होंने माना कि एजेंसी मेें गड़बड़ी है। इसकी जांच रिपोर्ट बनाकर एडीएम को सौंपी जाएगी। दो घंटे से अधिक समय तक नायब तहसीलदार कार्यालय में रुके लेकिन इस दौरान एजेंसी के संचालक नहीं आए।
गुरुवार दोपहर करीब एक बजे नायब तहसीलदार रविशंकर सिंह अपने अधीनस्थों के साथ शहर की सबसे बड़ी उन्नाव गैस एजेंसी पहुंचे। उनके कार्यालय पहुंचते ही वहां पर मौजूद कर्मियों में अफरातफरी मच गई। नायब तहसीलदार ने पहुंचते ही सिलेंडरों के डिलेवरी रिपोर्ट मांगी। इसके अलावा उन्होंने होम व स्पाट डिलीवरी के बारे में पूछताछ की। कागजों को चेक करते समय उनकी नजर 4 अप्रैल को होम डिलीवरी के लिए कराई गई बुकिंग पर पड़ी। इसके किनारे जब इन सिलेंडरों की डिलीवरी डेट देखी तो उनके होश उड़ गए। डिलीवरी डेट 18 मई पड़ी थी। उन्होंने जब इसके बारे में पूछा तो कार्यालय कर्मी बच्चन मिश्रा व एक अन्य ने उन्हें आंकड़ों की बाजीगरी से समझाने का प्रयास किया। नायब तहसीलदार इससे संतुष्ट नहीं हुए और लेटेस्ट होम डिलीवरी के प्रिंट आउट मांगे। काफी इंतजार के बाद भी जब प्रिंट आउट नहीं मिले तो वह स्वयं कंप्यूटर पर बैठ गए और रिकार्ड जांचने लगे। कंप्यूटर चेकिंग के दौरान उन्हें कई खामियां मिलीं। जिसे उन्होंने नोट कर लिया। नायब तहसीलदार रविशंकर सिंह ने बताया कि एडीएम के निर्देश पर जांच पड़ताल की गई। बुकिंग के हिसाब से डिलीवरी रेगुलर नहीं मिली है। कर्मचारी कई महत्वपूर्ण जानकारी भी नहीं दे सके। इसकी रिपोर्ट बनाकर एडीएम को भेजी जाएगी। बताते चलें कि शनिवार को हुई चेकिंग में भी कमियां मिलने पर इसका ठीकरा इंडेन कंपनी पर फोड़ा गया था। गुरुवार को भी एजेंसी के कर्मी इसे ही दोहराते रहे। नायब तहसीलदार द्वारा कमियों के बारे में पूछने पर कर्मी उन्हें लोड कम होने का बहाना बताकर कमियों को छुपाने का प्रयास करते रहे।

इंसेट
संचालक खुश उपभोक्ता परेशान
उन्नाव। एजेंसी में शायद ही कोई दिन ऐसा जाता हो जब कोई उपभोक्ता हंगामा न करता हो। महीनों पहले बुक कराने के बाद भी होम डिलीवरी न होने पर उपभोक्ता कार्यालय पहुंचकर कर्मियों पर अपनी खीझ उतारते हैं। गुरुवार को भी ऐसा ही नजारा रहा। बन्धूहार निवासी प्रेमलता सिंह ने बताया कि उनका कनेक्शन नंबर 33526 है। 25 दिन पहले बुक कराया था लेकिन गैस नहीं मिली। जगन्नाथगंज के अशोक कुमार (कनेक्शन नंबर-31626) ने 4 मई को बुक कराई थी। कई दिन चक्कर लगाने के बाद जब वह फिर गुरुवार को पहुंचे तो एजेंसी कर्मियों ने 10 दिन बाद आने को कहा। 5 मई को बुक कराने वाले वूद्ध रघुवीर यादव (कनेक्शन नंबर 11246) लगातार एजेंसी के चक्कर लगाकर थक चुके हैं। लेकिन संचालक व कर्मियों के कान में जूं तक नही रेंगी।

बाक्स
इन बिंदुओं पर भी हो जांच
1-गोदाम से दिए जाने वाले सिलेंडरों में घटतौली होती है या नहीं
2-गोदाम पर उपभोक्ताओं से लिए जाने वाले पैसों में छूट है या नहीं
3-बुकिंग के कितने दिनों बाद होती है होम डिलीवरी, मानक क्या हैं
4-इंडेन कंपनी के उच्चाधिकारियों से बात की जाए कि संचालक
द्वारा लगाए गए लोड न मिलने के आरोप में कितनी सच्चाई है
5-जब लोड नहीं मिलता तो होटलों में कैसे पहुंच जाते हैं गैस
सिलेंडर, गाड़ियों में भरने के लिए कैसे मिल जाती है एलपीजी

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