बेहतर अनुभव के लिए एप चुनें।
INSTALL APP

प्रदूषण से लाही की पैदावार प्रभावित

Sonbhadra Updated Sat, 05 May 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
ख़बर सुनें
आसनडीह। बभनी विकास खंड लाही के उत्पादन के मामले मेें सदैव आगे रहा है, लेकिन प्रदूषण की वजह से अप्रत्याशित रूप से लाही उत्पादन मे कमी आई है। इससे आदिवासियों की जीविका पर असर पड़ा है। आदिवासियों का कहना है कि पहले जहां लाही बीन कर पूरे वर्ष के लिए रोटी का इंतजाम कर लेते थे, वहीं अब एक माह का खर्च निकलना भी मुश्किल हो गया है।
विज्ञापन

आदिवासियों का मुख्य व्यवसाय लाही, महुआ बीनना रहा है। इसी से इनकी जीविका चलती है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों से इस संसाधन पर प्रदूषण की मार पड़ रही है। इससे लाही के कीडे़ धीरे-धीरे कम हो रहे हैं। बचे कीड़ों में लाही पैदा करने की क्षमता में कमी आई है। इससे आदिवासी समाज में चिंता है। क्षेत्र के रामचरण, बलिराम, शिवबचन, राजाराम का कहना है कि पहले दस से बीस कुंतल लाही पेड़ों से निकाल लेते थे। अब एक या दो कुंतल के लिए लाले पड़े हैं। उनके मुताबिक जहां वर्ष में बीस से पच्चीस हजार रुपये कमा लिया जाता था। अब तो सात आठ हजार रुपये तक ही सीमित हो गया है। वह इस बात से बेहद चिंतित हैं। कहते हैं कि आदिवासी समाज का सहारा था, लेकिन अब परिवार चलाना भी मुश्किल हो गया है। इसके विकास के लिए सरकार को पहल करना चाहिए।

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us