तीमारदार नहीं आए तो मरीज को निकाला, मौत

Siddhartha nagar Updated Thu, 08 May 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
सिद्धार्थनगर। धरती का भगवान कहे जाने वाले डॉक्टरों के चलते एक मरीज की जान चली गई। तीमारदार नहीं आए तो जिला अस्पताल के डॉक्टरों ने उसे इमरजेंसी से बाहर निकाल दिया। एक दिन उसका शव मंगलवार को जिला अस्पताल में पानी की टंकी के पास मिला। हालांकि अस्पताल प्रशासन का कहना है कि मरीज खुद ही चला गया था।
विज्ञापन

बांसी कोतवाली क्षेत्र के शास्त्रीनगर निवासी रहमतुल्लाह दो मई को घर से निकला था। इसी दिन रात आठ बजे बांसी स्टेट बैंक के पास सड़क पर वह बेहोशी की हालत में मिला। इसी बीच कुछ राहगीरों ने 108 नंबर के एंबुलेंस को सूचना दी। एंबुलेंस ने उसे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। हालत नाजुक देखने पर डॉक्टरों ने एंबुलेंस के जरिए जिला अस्पताल भेजवा दिया। डॉक्टरों ने तीन मई को उसे इमरजेंसी वार्ड में एडमिट कराया और उसका इलाज किया। दो दिनों तक कोई भी तीमारदार न आने पर पांच मई को उसे वार्ड से बाहर निकाल दिया। मंगलवार को उसका शव जिला अस्पताल में पानी की टंकी के पास मिला। बुधवार को घर वाले पहुंचे और उसकी शिनाख्त की।
रहमतुल्लाह की पत्नी और भाई शमीम अहमद का कहना है कि अपने रिश्तेदारों और अन्य लोगों के घरों में उसकी काफी तलाश की लेकिन पता नहीं चला। किसी तरह सूचना मिली कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बांसी पर एंबुलेंस सेे एक व्यक्ति को भर्ती कराया गया है। वहां से पता करने के बाद बुधवार की सुबह जब हम लोग जिला अस्पताल में पहुंचे तो शव देखकर शिनाख्त की। घरवालों ने डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया है।
इस संबंध में एसओ सुधीर सिंह ने बताया कि कुछ लोगों ने शव मिलने की सूचना दी थी। शव को कब्जे में लेने के बाद जब पूरे मामले की जांच पड़ताल की गई तो पता चला कि मरीज का कोई तीमारदार नहीं आया था। इस वजह से उसका देखभाल सही से नहीं हो पा रही थी। अस्पताल प्रशासन ने बताया कि वह पांच मई को अचानक बेड से गायब हो गया। काफी तलाश की लेकिन कुछ पता नहीं चल सका। अगर घरवालों की तरफ से कोई तहरीर मिलती है तो जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
पांच मई को जब राउंड पर गया तो देखा मरीज अपने बेड से गायब है। काफी तलाश की लेकिन कुछ पता नहीं चल सका। लापरवाही की बात गलत है। डॉक्टरों की टीम उसका इलाज कर रही थी। घर वालों ने बताया कि वह मानसिक रूप से बीमार रहता था।
-डॉ. आरबी राम, प्रभारी सीएमएस
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us