होंगे वो मेहरबान कभी न कभी...

Siddhartha nagar Updated Fri, 20 Jul 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
हल्लौर। बुधवार की रात कसबे के जाफर मार्केट में जश्न ए इमामे मेंहदी का आयोजन किया गया। इस महफिल में मुकामी शायरों ने अपने-अपने अंदाज में कसीदे पेश कर तारीफ हासिल की।
विज्ञापन

देर रात चले कार्यक्रम में शायरों ने पनी आवाज के जादू से सभी लोगों को बांधे रखा। शायर अफसर हल्लौरी के ‘इसा वो आ रहे हैं, सल्ला लिए हुए काबे की छत से कोई अजा दे रहा है क्या’ और तनजीम हल्लौरी के ‘जरूर होंगे वो मेहरबां कभी न कभी, करूंगा हाल ए दिल का बयां कभी न कभी’ को सुन महफिल में बैठे अकीदतमंद वाह-वाह कर उठे। इसके बाद शमशाद, खुर्शीद जफर और हानी हल्लौरी ने कलाम पेश किया। महफिल का संचालन अफसर रिज्वी ने किया। इसी के साथ चल रहे तकरीर में मौलाना जमाल हैदर रिज्वी ने कहा कि हम कयामत का नहीं, बल्कि इमामत का इंतजार रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमारे आखिरी इमाम के जहूर के बाद ही कयामत आएगी, इसके पहले नहीं। मौलाना ने कहा कि पैगंबर के वारिस जब जहूर फरमाएंगे, तब दुनिया को तमाम बुराइयों से पाक करके अच्छाइयों में बदल देंगे। हर जगह इंसाफ का बोलबाला होगा। महफिल में मौलाना शारिब, डा. नायाब, मो. मेंहदी, अली ताकीब, शमीम रजा, जफर रजा, तश्बीब हसन, शब्लू, पप्पू, वजीर किशन, सलमान, जानशीन हैदर, जमाल, काजिम रिज्वी सहित कई लोग मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
X

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
  • Downloads

Follow Us