कब चालू होगी बड़ी लाइन की रेल सेवा?

Siddhartha nagar Updated Sat, 14 Jul 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
सिद्धार्थनगर। आनंदनगर-बढ़नी रेलवे रूट पर अमान परिवर्तन के कारण बंद हुई रेल सेवा कब चालू होगी, इसे लेकर अभी संशय के बादल छाए हैं। बरसात होने के कारण ट्रैक की गिट्टियां धंस चुकी हैं तथा अन्य कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं। तकनीकी कार्य अब भी पूरे नहीं हुए। ऐसे में लोगों की आस धूमिल हो चली है कि इस माह ट्रेनों का संचालन शुरू हो सकेगा।
विज्ञापन

31 दिसंबर 2011 तक इस रूट पर छोटी लाइन की ट्रेनें संचालित होती थीं, जिससे प्रतिदिन लगभग 10 हजार लोग अपने गंतव्य तक आते-जाते थे। संचालन बंद होने के बाद इस रूट पर अमान परिवर्तन का कार्य काफी तेजी से शुरू हुआ था, जिससे लोगों में यह आस जगी थी कि जून महीने तक बड़ी लाइन की ट्रेन जिले में दौड़ने लगेगी। कार्य का निरीक्षण करने पहुंचे अधिकारियों ने भी जून से जुलाई माह के बीच ट्रेन संचालन की बात कही थी, लेकिन यह अब तक कोरा आश्वासन ही बना हुआ है। इससे लोगों की आस धूमिल होती जा रही है। सूत्रों की मानें तो अभी समपार फाटक के तकनीकी कार्य अभी प्रगति पर थे। इसी बीच बरसात होने के कारण ट्रैक पर गिट्टियां धंस गई हैं तथा जगह-जगह पानी जमा हो गया है। अब इन जगहों पर गिट्टियां डालने की तैयारी हो रही है। समपार फाटकों पर तकनीकी कार्य अब भी बाधित हैं। बिना इसे सही किए संचालन शुरू नहीं हो सकेगा। मई माह में रेलवे के महाप्रबंधक ने जब स्पेशल ट्रेन से आनंदनगर से बढ़नी रूट का निरीक्षण किया था, उस वक्त भी ट्रैक पूर्णरूप से फिट नहीं था।
पहले से धूमिल होती रही है आस
यहां बड़ी लाइन की ट्रेनों का संचालन 2002 से ही प्रस्तावित है। सात जून 2002 को जब नौगढ़ स्टेशन पर अमान परिवर्तन कार्य का शिलान्यास किया गया तो तत्कालीन रेल मंत्री नितीश कुमार ने तीन साल के भीतर इस रूट पर ब्राड गेज की ट्रेनों का संचालन शुरू होने की बात कही थी। लेकिन समय के साथ ही उनका दावा भी ठंडे बस्ते में चला गया। 31 जनवरी 2010 को जब रेल राज्य मंत्री केएच मुनिअप्पा ने नौगढ़ रेलवे स्टेशन पर सेवा विस्तार का शिलान्यास किया तो तत्कालीन पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक यूसी द्वादस ने यह दावा किया तथा कि मार्च 2012 तक यह परियोजना पूरी हो जाएगी। मार्च 2012 को बीते दिन महीने से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन यह परियोजना अभी आनंदनगर से बढ़नी तक की दूरी भी नहीं तय कर सकी। 31 दिसंबर 2011 को जब आनंदनगर से बढ़नी के बीच छोटी लाइन सेवा बंद की गई, तब भी मंडलीय रेल प्रबंधक बीके यादव का यह दावा था कि मई महीने तक बड़ी लाइन सेवा शुरू हो जाएगी। बाद में निरीक्षण के दौरान आए पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक के बीएल मित्तल ने जुलाई माह में रेल संचालन की बात कही, लेकिन अब तक वह महज कोरा आश्वासन बना हुआ है।

कष्टदायक होने के साथ साथ मंहगी हुई यात्रा
जिले में विगत छह माह से बढ़नी से आनंदनगर रूट पर ट्रेनों का आवागमन है बंद है । रेल संचालन बंद होने के बाद सबसे अधिक समस्या यात्रियों को हो रही है। बढ़नी से गोरखपुर तक की यात्रा इस समय लोगों को प्राइवेट वाहनों के साथ पूरी करनी पड़ रही है। यह यात्रा महंगी होने के साथ-साथ कष्टदायक भी है। लोगों को लंबी दूरी तक की यात्रा खड़े खड़े पूरी करनी पड़ रही है। बढ़नी से गोरखपुर तक परिवहन निगम की नाम मात्र की बसें चल रही हैं। इनके सहारे यात्रा पूरी करना टेढ़ी खीर है, क्योंकि इनकी अवस्था पूर्णत: जर्जर हो चुकी है। गोरखपुर से बढ़नी तक प्रतिदिन की यात्रा करने वाले दीपक सिंह बताते हैं कि लोगों को प्राइवेट सरकारी दोनों बसों में भूसे की तरह ठूंस कर बैठाया जाता है। इससे उन्हें दिक्कत होती है। सबसे ज्यादा परेशानी महिलाओं को हो रही है। गोरखपुर से आने वाली शिक्षिका रागिनी सिंह ने बताया कि ट्रेन संचालन बंद होने के कारण काफी दिक्कत हो रही है। प्राइवेट वाहनों से आने-जाने में पैसा खर्च होने के साथ-साथ समय की बर्बादी भी होती है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
X

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
  • Downloads

Follow Us