खीरी पुलिस का पुवायां में छापा, दो बाइक बरामद

Shahjahanpur Updated Sat, 18 Aug 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
भीरा और मैलानी पुलिस की संयुक्त कार्रवाई
विज्ञापन

- 15 अगस्त को खीरी में पकड़े गए थे अंतर्जनपदीय गिरोह के बदमाश
अमर उजाला नेटवर्क
पुवायां। खीरी पुलिस ने यहां के गांव अनावां और बढ़ेला में छापा मारकर चोरी की दो बाइक बरामद की हैं। चेकिंग के दौरान इन गांवों के दो बदमाशों की गिरफ्तारी के बाद यह कार्रवाई की गई है। छापे के दौरान कुछ लोग मौके से भाग गए।
मैलानी थाने के एसओ जितेंद्र बहादुर यादव और भीरा के एसओ राजेश कुमार के नेतृत्व में टीम ने गांव अनावां के गुलबहार और सिंधौली थाना क्षेत्र के गांव बढ़ेला में राकेश के घर छापा मारकर दो बाइक बरामद कीं। पुलिस के अनुसार दोनों को 15 अगस्त को भीरा कुकरा मार्ग पर चेकिंग के दौरान चोरी की दो बाइक समेत पकड़ा गया था। पूछताछ के बाद उनकी निशानदेही पर दो और बाइक बरामद की गईं। गिरोह का मुखिया गांव पसियाखेड़ा का मोहसिन उर्फ मोतीन और गांव अनावां का इमरान इस दौरान भाग निकले थे। पकड़े गए बदमाशों के पास से दो तमंचे और कारतूस भी बरामद किए गए हैं।
गौरतलब है कि बदमाशों का यह गिरोह शाहजहांपुर के अलावा खीरी, पीलीभीत और बदायूं तक बाइक लूट की घटनाओं को अंजाम देता है। गिरोह का मुखिया मोहसिन अत्यंत शातिर है और वह छापे के दौरान अक्सर पुलिस को चकमा दे जाता है।



पुवायां पुलिस के हत्थे चढ़
सकता था मोहसिन गिरोह
बंडा पुलिस ने मोबाइल बरामदगी के बाद भी नहीं की कोशिश
- पुलिस तंत्र फेल, सरगना के गांव में लगातार आते हैं गिरोह के लोग
अमर उजाला नेटवर्क
पुवायां। सर्किल की पुलिस ने यदि संजीदगी से प्रयास किए होते तो खीरी पुलिस को मिलने वाली सफलता यहां की पुलिस को मिल सकती थी। सच तो यह है कि मोहसिन गिरोह को पकड़ने के पुलिस ने कभी प्रयास ही नहीं किए। गिरोह के सरगना के गांव पसियाखेड़ा में पुलिस का मुखबिर तंत्र भी पूरी तरह फेल नजर आ रहा है।
गौरतलब है कि गांव पसियाखेड़ा निवासी मोहसिन उर्फ मोतीन लुटेरों के गिरोह का सरगना है। गिरोह के लोग जिले के अलावा खीरी, पीलीभीत आदि में बाइक लूट की घटनाओं को अंजाम देते हैं। कई बार बड़ी रकम की लूट में भी गिरोह के लोगों का नाम सामने आया, लेकिन पुलिस की लचर कार्यशैली के चलते गिरोह की गतिविधियां लगातार बढ़ती गईं।
मोहसिन पर पुवायां में पांच, बंडा में एक, पूरनपुर में एक, सिंधौली में दो, मोहम्मदी में नौ, निगोही में एक, खीरी कोतवाली में एक और निघासन में गंभीर अपराधों के तीन मुकदमे दर्ज हैं।
मोहसिन ने अपने दो अन्य साथियों के साथ इसी वर्ष नौ फरवरी को बंडा के गांव किशनपुर पड़री के पास गांव सिसोरी के मुंशी से बाइक, नगदी और मोबाइल लूट लिया था। मामले की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने मुंशी के फोन को सर्विलांस पर लगाया तो उसकी लोकेशन गांव पसियाखेड़ा में मिली। पुलिस ने दबिश देकर मोहसिन के यहां से मोबाइल बरामद कर लिया, लेकिन बाइक नहीं मिल सकी। मोबाइल बरामदगी के बाद भी किसी की गिरफ्तारी नहीं होने से पुलिस की कार्यशैली पर ऊंगलियां उठीं, लेकिन पुलिस ने फिर भी मोहसिन की तलाश जरूरी नहीं समझी।
पुवायां के इंस्पेक्टर मुईन अहमद का कहना है कि मोहसिन की तलाश में वह खुद कई बार दबिश दे चुके हैं। इसके अलावा एसओजी भी कई बार उसकी तलाश में छापा डाल चुकी है, लेकिन वह हत्थे नहीं चढ़ सका। आखिर मोहसिन के गांव आने-जाने की खबर पुलिस को क्यों नहीं मिलती? उसके गिरोह से जुडे़ गांव अनावां और बढ़ेला में रखी चोरी की बाइक यहां की पुलिस क्यों नहीं बरामद कर सकी? ऐसे तमाम सवाल हैं जो पुलिस की कार्यप्रणाली पर उंगली उठाते हैं, लेकिन कोई भी इसका जवाब देने को तैयार नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us