आयोग ने बीएलओ की जिम्मेदारी बढ़ाई

Pratapgarh Updated Mon, 05 May 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹249 + Free Coupon worth ₹200

ख़बर सुनें
प्रतापगढ़। चुनाव आयोग ने बीएलओ पर इस बार जिम्मेदारी बढ़ा दी है। अब वह एक स्थान पर बैठकर पर्ची नहीं पकड़ा सकेंगे। उन्हें घर-घर जाकर पर्ची देने के साथ ही संबंधित लोगों से हस्ताक्षर भी कराना पड़ेगा। इस नई व्यवस्था से बीएलओ परेशान हो गए हैं।
विज्ञापन

मतदाताओं तक चुनाव के पहले पर्ची पहुंचाने की जिम्मेदारी बीएलओ की होती है। वह घर-घर जाकर वोटर पर्ची पहुंचाते हैं। इस बार चुनाव आयोग ने उनकी जिम्मेदारियां कुछ बढ़ा दी है। पहले चुनाव में पर्ची को लेकर बीएलओ प्रत्येक घरों में नहीं जाते थे। गांव में किसी के यहां बैठकर सभी लोगों को उनकी पर्ची पकड़ा देते थे। समय न मिलने पर वह अपने घर के किसी सदस्य को पर्ची देने के लिए भेज देते थे। क्षेत्र में पहुंचने के बाद थोड़ी बहुत पर्ची बांटने के बाद पर्ची बीएलओ के घर पर ही रखी रह जाती थी। मताधिकार का प्रयोग करने के लिए कुछ व्यक्ति बिना पर्ची के ही बूथ पर पहुंचते थे। वहां पर ही उन्हें पर्चियां मिल पाती थीं। जबकि बहुत से लोग मताधिकार से वंचित रह जाते थे। बीएलओ अपनी उपलब्धि गिनाने के लिए कह देते थे कि उन्होंने सारी पर्चियां बांट दी है। उनकी इस हरकत से वाकिफ होने के बाद चुनाव आयोग ने उनकी जिम्मेदारी बढ़ा दी है। इस बार वह पर्चियों को मनमुताबिक ढंग से रजिस्टर पर नहीं चढ़ा पाएंगे, बल्कि घर-घर जाने के साथ ही पर्चियां देने के बाद उनसे हस्ताक्षर भी करवाएंगे। ऐसा करने में बीएलओ का पसीना छूट रहा है। वह गांव में पहुंचकर पर्चियां बांट रहे हैं। उनसे हस्ताक्षर भी करवा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us