अतिक्रमण हटाओ योजना बनी, अमल फिर भी नहीं

Pilibhit Updated Fri, 08 Jun 2012 12:00 PM IST
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पीलीभीत। शहर में जाम एक आम समस्या है। तत्कालीन एसपी जितेंद्र प्रताप सिंह ने इस समस्या को बारीकी से समझकर अतिक्रमण हटाने की योजना बनाई थी। इसके तहत पहले अतिक्रमणकारियों को नोटिस देने और फिर भी अतिक्रमण न हटने पर उसे हटवा कर जुर्माना वसूलने की व्यवस्था की थी। कुछ लोगों को नोटिस जारी किए गए थे, लेकिन इस बीच उनका तबादला हो गया। इसके साथ ही अतिक्रमण हटाने की योजना समाप्त हो गई।
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शहर में अतिक्रमण की समस्या कोई नई नहीं है। दुकानदारों द्वारा सड़क तक सामान लगा देने से मार्ग गलियों में तब्दील हो जाता है। हालत यह हो जाती है कि सड़कों पर पैदल निकलना मुश्किल हो जाता है। शहरवासियों को घंटों जाम की समस्या से जूझना पड़ता है। निवर्तमान एसपी जितेंद्र प्रताप सिंह ने पांच मई को शहर में यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए व्यापारियों के साथ रणनीति बनाई थी, जिसमें एएसपी के नेतृत्व में यातायात अतिक्रमण हटाओ समिति गठित की गई थी। इस समिति में 13 व्यापारियों को भी शामिल किया गया था।
एएसपी डॉ अरविंद भूषण पांडे को अभियान का नोडल अधिकारी बनाया गया था, लेकिन एक माह बाद भी प्रशासन अतिक्रमण हटाने की दिशा में एक कदम भी आगे नहीं बढ़ा सका। नगरपालिका अतिक्रमण को चिन्हित भी नहीं कर सकी। इस बीच नगरपालिका ने 42 और पुलिस ने महज 13 अतिक्रमणकारियों को नोटिस दिया। उसके बाद पूरी योजना पर विराम लगा दिया गया।
इन मार्गों पर रहता है अतिक्रमण
स्टेशन रोड, चूड़ी वाली गली, छिपियान मस्जिद रोड, जेपी रोड, ड्रमंडगंज चौराहा, स्टेशन चौराहा, लोहा बाजार, चौक बाजार, गांधी स्टेडियम रोड, लाल रोड, पंजाबियान, बरेली गेट, छतरी, चौराहा, आसाम चौराहा, गौहनियां चौराहा, नकटादाना चौराहा।

शहर में नहीं है पार्किंग व्यवस्था
शहर में पार्किंग व्यवस्था न होने के कारण लोग सड़को पर ही अपने वाहन खड़े कर देते हैं। इस व्यवस्था के लिए गैस चौराहे के निकट बर्फ फैक्ट्री के पास और मीना बाजार ग्राउंड पार्किंग स्थल के लिए चिन्हित किया गया था, लेकिन यह व्यवस्था भी प्रशासन की परवान नहीं चढ़ सकी।

पटरियों का निर्माण न होना भी वजह
नगरपालिका और पीडब्ल्यूडी ने सड़कों का निर्माण तो करा दिया, लेकिन सड़क किनारे पटरियां खाली छोड़ दी। पटरियोें का निर्माण न कराए जाने से दुकानदारों ने उस पर अपना सामान लगाना शुरू कर दिया।
वर्जन
1
पुलिस ने माह मई में 13 अतिक्रमणकारियों को नोटिस भेजी थी, लेकिन उसके बाद निकाय चुनाव की व्यस्तता बढ़ गई है। यातायात व्यवस्था बनाना उनकी प्राथमिकता में है। अतिक्रमणकारियों में रूटीन के तहत चालान आदि की कार्रवाई की जाती है। इस चुनाव प्रक्रिया के बाद शहर को जाम समस्या से निजात दिलाने के लिए डीएम के साथ बैठककर रणनीति बनाई जाएगी।
अमित वर्मा, पुलिस अधीक्षक।
2
नगरपालिका स्टेशन रोड के 42 अतिक्रमणकारियों को नोटिस भेजी चुकी है। शीघ्र ही चिन्हित कर अतिक्रमण हटाया जाएगा।
विजय प्रताप सरल, ईओ, नगर पालिका परिषद
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